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संस्कारम विश्वविद्यालय में दस दिवसीय रामलीला एवं दशहरा महोत्सव का हुआ भव्य आयोजन’
40 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन बना आकर्षण का केंद्र, विद्यार्थियों ने रामायण के प्रसंगों से दिया नैतिकता का संदेश’

झज्जर, 21 अक्तूबर, अभीतक: संस्कारम विश्वविद्यालय, झज्जर में भारतीय संस्कृति, धार्मिक परंपराओं और नैतिक मूल्यों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से 11 से 20 अक्टूबर 2026 तक दस दिवसीय ‘संस्कारम की रामलीला’ एवं दशहरा महोत्सव का भव्य आयोजन किया गया। आयोजन के दौरान विद्यार्थियों ने रामायण के विभिन्न प्रसंगों का प्रभावशाली मंचन कर दर्शकों को भारतीय संस्कृति की समृद्ध विरासत से रूबरू कराया। महोत्सव के समापन पर 40 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन किया गया, जिसने उपस्थित लोगों का विशेष आकर्षण बटोरा और बुराई पर अच्छाई की विजय का संदेश दिया। दस दिनों तक चले इस आयोजन में विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए भगवान श्रीराम, माता सीता, लक्ष्मण, हनुमान, रावण,कुंभकर्ण, विभीषण, मेघनाद सहित रामायण के विभिन्न पात्रों को मंच पर सजीव रूप में प्रस्तुत किया। विद्यार्थियों के अभिनय और प्रस्तुतियों के माध्यम से रामायण के आदर्शों, आदर्श चरित्र, कर्तव्यनिष्ठा, त्याग, साहस, भक्ति और न्याय जैसे जीवन मूल्यों को प्रभावी ढंग से अभिव्यक्त किया गया। इस आयोजन ने विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने के साथ-साथ भारतीय संस्कृति और परंपराओं को समझने का अवसर भी प्रदान किया।
सांस्कृतिक गतिविधियां व्यक्तित्व निर्माण का सशक्त माध्यम: डॉ. महिपाल यादव’
संस्कारम विश्वविद्यालय के चांसलर डॉ. महिपाल यादव ने कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल किताबी ज्ञान प्रदान करना नहीं, बल्कि विद्यार्थियों का सर्वांगीण विकास सुनिश्चित करना भी है। सांस्कृतिक एवं रचनात्मक गतिविधियां विद्यार्थियों के व्यक्तित्व को निखारने, उनमें आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता, अनुशासन, रचनात्मकता और टीम भावना विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। रामलीला जैसे आयोजन विद्यार्थियों को भारतीय संस्कृति और गौरवशाली परंपराओं से जोड़ने के साथ-साथ उन्हें जीवन में नैतिकता, सत्य और कर्तव्य के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि रामायण के पात्रों और प्रसंगों में जीवन के लिए अनेक महत्वपूर्ण शिक्षाएं निहित हैं। भगवान श्रीराम का मर्यादित आचरण, लक्ष्मण की कर्तव्यनिष्ठा, माता सीता का धैर्य और हनुमान जी की निष्ठा विद्यार्थियों को आदर्श जीवन जीने की प्रेरणा देते हैं। इन प्रसंगों को अभिनय के माध्यम से प्रस्तुत करने से विद्यार्थियों को उनके महत्व को समझने और आत्मसात करने का अवसर मिलता है।
रावण दहन के साथ अच्छाई की विजय का संदेश’
दशहरा महोत्सव के दौरान 40 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन आकर्षण का प्रमुख केंद्र रहा। इस अवसर ने परिसर में उत्साह और सांस्कृतिक उल्लास का वातावरण बनाया। रावण दहन के माध्यम से अहंकार, अधर्म और नकारात्मक प्रवृत्तियों के अंत तथा सत्य, सदाचार और धर्म की विजय का संदेश दिया गया। संस्कारम विश्वविद्यालय में आयोजित यह महोत्सव शैक्षणिक गतिविधियों के साथ सांस्कृतिक शिक्षा और नैतिक मूल्यों को समान महत्व देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल रहा। विश्वविद्यालय का उद्देश्य ऐसे आयोजनों के माध्यम से विद्यार्थियों में भारतीय संस्कृति के प्रति सम्मान, सामाजिक उत्तरदायित्व और सकारात्मक दृष्टिकोण विकसित करना है, ताकि वे शिक्षा के साथ-साथ चरित्र और व्यक्तित्व के स्तर पर भी सशक्त बन सकें।

क्षेत्रवासियों की समस्याओं का अब बहादुरगढ़ में ही हो रहा प्रभावी समाधान: डीसी
जनसेवा की भावना को देखते हुए बहादुरगढ़ स्थित कैंप कार्यालय पहुंची डीसी वर्षा खांगवाल
लघु सचिवालय स्थित कैंप कार्यालय में सुनीं नागरिकों की समस्याएं, अधिकारियों को दिए समयबद्ध समाधान के निर्देश

बहादुरगढ लघु सचिवालय स्थित कैम्प कार्यालय में क्षेत्र के लोगों की समस्याएं सुन समाधान करती डीसी वर्षा खांगवाल।

आमजन को सरकारी सेवाओं का लाभ दिलाना और शिकायतों का निवारण करना प्रशासन की प्राथमिकता
बहादुरगढ़,, 21 अक्तूबर, अभीतक: बहादुरगढ़ क्षेत्र के नागरिकों की समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान करने और उन्हें सरकारी सेवाओं का लाभ सुगमता से उपलब्ध करवाने के लिए जिला प्रशासन लगातार प्रयासरत है। जनसेवा की भावना को देखते हुए बुधवार को जन शिकायतों के निदान के लिए डीसी वर्षा खांगवाल बहादुरगढ़ लघु सचिवालय कैंप ऑफिस पहुंची। डीसी वर्षा खांगवाल ने बहादुरगढ़ स्थित लघु सचिवालय के कैंप कार्यालय में जनसुनवाई करते हुए नागरिकों की समस्याएं सुनीं। उन्होंने कहा कि बहादुरगढ में बैठकर क्षेत्र के लोगों की शिकायत का निदान करने का कार्य किया जा रहा है ताकि यहां के लोगों को झज्जर जिला मुख्यालय ओर न जाना पड़े। उन्होंने जनसुनवाई करते हुए संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देश दिए कि आमजन की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए उनका नियमानुसार समाधान सुनिश्चित करें, ताकि लोगों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए अनावश्यक परेशानी न उठानी पड़े।
नागरिकों की समस्याएं सुनकर मौके पर दिए आवश्यक दिशा-निर्देश
जनसुनवाई के दौरान बहादुरगढ़ क्षेत्र के नागरिकों ने अपनी विभिन्न समस्याएं और शिकायतें डीसी के समक्ष रखी। डीसी ने प्रत्येक शिकायत को गंभीरता से सुना और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नागरिकों की समस्याओं का समाधान करना प्रशासन की जिम्मेदारी है। इसलिए अधिकारी शिकायतों को लंबित रखने के बजाय उन पर तत्परता से कार्रवाई करें और नियमानुसार समाधान सुनिश्चित करें।
बहादुरगढ़ के लोगों को मिले बेहतर प्रशासनिक सुविधाएं
डीसी वर्षा खांगवाल ने कहा कि जनसुनवाई का मुख्य उद्देश्य नागरिकों को अपनी समस्याएं सीधे प्रशासन के समक्ष रखने का अवसर देना और उनके समाधान की प्रक्रिया को सरल एवं प्रभावी बनाना है। उन्होंने कहा कि अधिकारियों को चाहिए कि वे आमजन की जरूरतों को समझते हुए जिम्मेदारी के साथ कार्य करें, ताकि लोगों को सरकारी कार्यालयों में बार-बार चक्कर न लगाने पड़ें और उनकी समस्याओं का समय पर निवारण हो सके। उन्होंने अधिकारियों को विभागीय समन्वय के साथ काम करने के निर्देश देते हुए कहा कि जिन शिकायतों में एक से अधिक विभागों की भूमिका है, उनमें आपसी तालमेल बनाकर कार्रवाई की जाए। इससे शिकायतों के समाधान में होने वाली अनावश्यक देरी को कम करने में मदद मिलेगी और नागरिकों को राहत मिल सकेगी।
जनता की समस्याओं का समाधान ही प्रशासन की प्राथमिकता
डीसी ने स्पष्ट किया कि जनसमस्याओं के समाधान में किसी भी प्रकार की ढिलाई नहीं होनी चाहिए। अधिकारी प्रत्येक शिकायत पर गंभीरता से विचार करें और निर्धारित नियमों के अनुसार उचित कार्रवाई करें। प्रशासन का प्रयास है कि नागरिकों को पारदर्शी, जवाबदेह और जनहितकारी व्यवस्था उपलब्ध हो तथा उनकी समस्याओं का समाधान प्रभावी ढंग से किया जा सके। इस अवसर पर एसडीएम बहादुरगढ़ अभिनव सिवाच सहित अन्य विभागीय अधिकारी मौजूद रहे।

डीसी वर्षा खांगवाल

कचरा जलाने से बिगड़ती हवा, सेहत पर भी पड़ता है गंभीर असर: डीसी
डीसी वर्षा खांगवाल की अपीलकृकचरा जलाने के बजाय अपनाएं उचित निस्तारण, स्वच्छ एवं प्रदूषण मुक्त झज्जर बनाने में निभाएं भागीदारी

झज्जर, 21 अक्तूबर, अभीतक: डीसी वर्षा खांगवाल ने आमजन से ठोस कचरे को खुले में न जलाने की अपील करते हुए कहा कि इससे वायु प्रदूषण बढ़ता है और सांस संबंधी बीमारियों का खतरा पैदा होता है। कचरे से निकलने वाला धुआं बच्चों, बुजुर्गों और बीमार लोगों के स्वास्थ्य पर विशेष रूप से प्रतिकूल प्रभाव डालता है। उन्होंने नागरिकों से कचरे का उचित निस्तारण करने और पर्यावरण संरक्षण में सहयोग देने का आह्वान किया। डीसी ने कहा कि प्लास्टिक सहित अन्य ठोस कचरा जलाने से हानिकारक गैसें और सूक्ष्म कण वातावरण में फैलते हैं, जिससे वायु, मिट्टी और जल प्रदूषण का खतरा बढ़ता है। उन्होंने घरों, दुकानों और संस्थानों में गीले व सूखे कचरे को अलग-अलग रखने, पुनर्चक्रण योग्य सामग्री को पृथक करने तथा नगर निकायों की कचरा संग्रहण सेवाओं का उपयोग करने की सलाह दी। उन्होंने संबंधित विभागों को जागरूकता बढ़ाने और कचरे के उचित निस्तारण की व्यवस्था प्रभावी बनाए रखने पर जोर देते हुए कहा कि स्वच्छ वातावरण बनाए रखना प्रशासन के साथ प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है। कचरा न जलाएं, नियमों का पालन करें और स्वच्छ, स्वस्थ एवं प्रदूषण मुक्त झज्जर के निर्माण में सहभागी बनें।
वर्षा खांगवाल, डीसी झज्जर।

बिजली कर्मियों की हड़ताल के मद्देनजर प्रशासन अलर्ट: डीसी’
आमजन की सुविधा के लिए पुख्ता इंतजाम करने के निर्देश’
डीसी वर्षा खांगवाल ने अधिकारियों के साथ बैठक कर तैयारियों की समीक्षा की’

झज्जर, 21 अक्टूबर बिजली कर्मियों की गुरुवार से प्रस्तावित तीन दिवसीय हड़ताल के मद्देनजर जिला प्रशासन ने आमजन को निर्बाध सुविधाएं उपलब्ध करवाने और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए व्यवस्था प्रबन्धन किया है। डीसी वर्षा खांगवाल ने संबंधित विभागों के अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश देते हुए कहा कि हड़ताल के दौरान नागरिकों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होनी चाहिए। इसके लिए सभी विभाग पहले से आवश्यक प्रबंध सुनिश्चित करें। डीसी बुधवार देर सायं अधिकारियों की बैठक में हड़ताल के मद्देनजर की गई तैयारियों की समीक्षा कर रही थीं। उन्होंने कहा कि प्रशासन की प्राथमिकता आमजन की सुविधाओं को बनाए रखना और जिले में कानून व्यवस्था सुनिश्चित करना है। इसके लिए सभी संबंधित विभाग आपसी तालमेल के साथ जिम्मेदारी निभाएं, ताकि हड़ताल के दौरान किसी भी प्रकार की अव्यवस्था उत्पन्न न हो।
’सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई’
डीसी वर्षा खांगवाल ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने और कानून व्यवस्था बिगाड़ने का प्रयास करने वालों के खिलाफ सख्ती से निपटा जाए। संबंधित अधिकारी स्थिति पर लगातार नजर रखें और किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए आवश्यक प्रबंध सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि जिले में शांति व्यवस्था बनाए रखना प्रशासन की प्राथमिकता है।
’त्योहार सीजन में यातायात व्यवस्था बनाए रखने पर जोर’
डीसी वर्षा खांगवाल ने कहा कि वर्तमान में त्योहार सीजन चल रहा है। ऐसे में बाजारों और प्रमुख मार्गों पर लोगों की आवाजाही बढ़ने की संभावना रहती है। इसलिए अधिकारी यह सुनिश्चित करें कि कहीं भी सड़क जाम की स्थिति उत्पन्न न हो और आमजन को आवागमन में परेशानी का सामना न करना पड़े। संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाएं।
’समस्या के समाधान के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी’
डीसी ने बताया कि बिजली सेवाओं से संबंधित समस्याओं के समाधान और आमजन की शिकायतों को समय पर प्राप्त करने के लिए जिला मुख्यालय पर हेल्पलाइन नंबर 01251 255200, 01251 252446 व बिजली निगम के मोबाइल नम्बर 9315110304 जारी किया गया हैं। इससे नागरिक अपनी समस्याओं की जानकारी प्रशासन तक पहुंचा सकेंगे और संबंधित विभागों के माध्यम से उनका समाधान करवाने के प्रयास किए जा सकेंगे। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि हड़ताल के दौरान उत्पन्न होने वाली संभावित परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए सभी आवश्यक तैयारियां समय रहते पूरी कर ली जाएं। प्रशासनिक अधिकारी स्थिति पर निगरानी रखें और जरूरत पड़ने पर तत्काल उचित कदम उठाएं।
यह अधिकारी रहे मौजूद
इस अवसर पर एसडीएम झज्जर रवि मीणा, एसडीएम बहादुरगढ़ अभिनव सिवाच, एसडीएम बादली विशाल, एसडीएम बेरी रेणुका नांदल, बिजली निगम के अधीक्षण अभियंता यशवीर सिंह, एक्सईएन प्रदीप कुमार, जनस्वास्थ्य विभाग के एक्सईएन अश्वनी सांगवान, डीएमएस डॉ. यशपाल सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

डीसी वर्षा खांगवाल

वायु प्रदूषण नियंत्रण को लेकर प्रशासन सजग: डीसी’
एनजीटी की गाइडलाइन की अवहेलना को सख्ती से निपटें अधिकारी’
डीसी वर्षा खांगवाल ने एनजीटी की ग्रेप व्यवस्था को पूर्ण ढंग से लागू करने के अधिकारियों को दिए निर्देश’
पर्यावरण को दूषित करने वाली गतिविधियों कीे समीर एप पर करें शिकायत’

झज्जर, 21 अक्तूबर, अभीतक: डीसी वर्षा खांगवाल ने कहा कि जिला में वायु प्रदूषण नियंत्रण को लेकर प्रशासन सजग है। सभी संबंधित विभाग पर्यावरण संरक्षण के लिए जागरूकता के साथ इससे जुड़े कार्यों का क्रियान्वयन सही समय पर सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि एनजीटी द्वारा वायु प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए ग्रेप व्यवस्था लागू की है। इसकी पालना प्रभावी ढंग से करनी होगी। पर्यावरण संरक्षण की मुहिम को सक्रिय रूप से आगे बढ़ाने के लिए समीर एप शुरू किया गया है। कोई भी नागरिक ग्रेप प्रणाली की अवहेलना या अन्य गतिविधि जो पर्यावरण को दूषित कर रही हैं , उनकी शिकायत समीर एप पर की जा सकती है। डीसी ने कहा कि ग्रेप के प्रथम चरण के नियमों की कड़ाई से पालना करने के लिए प्रभावी कदम उठाए जाएं ताकि वायु प्रदूषण को नियंत्रित किया जा सके। उन्होंने फसल अवशेष प्रबंधन को लेकर भी सरकार की योजनाओं का किसानों से लाभ उठाने का आह्वान किया ,साथ ही अधिकारियों से फसल अवशेष जलाने वालों पर कड़ी निगरानी के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सड़कों पर उड़ने वाली धूल पर नियंत्रण के लिए संबंधित विभागों द्वारा एंटी स्मॅाक गन को उपयोग में लाया जाए,साथ ही वायु प्रदूषण को लेकर प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा जारी नियमों की कड़ाई से पालना सुनिश्चित की जाए। डीसी ने अधिकारियों को दिशा-निर्देश देते हुए कहा कि अधिकारी एक्शन प्लान बनाकर प्रदूषण मुक्त शहर बनाने का हर सम्भव प्रयास करें और मनमानी करने वालों के खिलाफ चालान और जरूरत पडने पर कूड़ा जलाने वालों पर एफआईआर भी दर्ज करवाएं।
सरकारी साईट पर चल रहे निर्माण कार्यों पर धूल मिट्टी वायु में न फैले, इसके लिए पानी छिडकाव जरूरी’
डीसी वर्षा खांगवाल ने कहा कि वायु प्रदूषण नियंत्रण को लेकर लोग काफी जागरूक हो चुके हैं। उन्होंने कहा कि सरकारी साईट पर चल रहे निर्माण कार्यों पर धूल मिट्टी वायु में न फैले, इसके लिए पानी छिडकाव जरूरी है। उन्होंने कहा कि शहरी क्षेत्र में सड़क मार्गों पर अतिक्रमण करने वालों पर सख्ती बरतने की जरूरत है कि यातायात जाम की समस्या न पैदा हो।
प्रदूषण नियंत्रण के लिए सिटीजन चार्टर का पालन करें नागरिक
डीसी वर्षा खांगवाल ने बताया कि वायु प्रदूषण नियंत्रण में प्रत्येक नागरिक की सहभागिता आवश्यक है ताकि स्वच्छ एवं स्वस्थ वातावरण सुनिश्चित किया जा सके। उन्होंने बताया कि नागरिक अपने वाहनों के इंजन को उचित ढंग से ट्यून रखें। अपने वाहनों में टायर का दबाव उचित बनाए रखें ताकि ईंधन की खपत कम हो। वाहनों के पीयूसी प्रमाणपत्र अपडेट रखें। ट्रैफिक सिग्नल यानि लाल बत्ती पर इंजन बंद कर दें। प्रदूषण कम करने के लिए हाइब्रिड या इलेक्ट्रिक वाहनों को प्राथमिकता दें। खुले स्थानों पर कूड़ा-कचरा न फैलाएं और न ही जलाएं। अधिक से अधिक पेड़ लगाएं और उनकी देखभाल करे। त्योहारों को पर्यावरण-अनुकूल तरीके से मनाएं, पटाखों से बचें। उन्होंने नागरिकों से अनुरोध किया है कि वे इन नियमों का पालन कर वायु गुणवत्ता में सुधार लाने में सहयोग दें।

प्रगति एवं पीएमजी मामलों के समाधान में झज्जर प्रशासन सजग: डीसी
डीसी वर्षा खांगवाल ने संबंधित अधिकारियों को दिए नियमित मॉनिटरिंग के निर्देश

झज्जर, 21 अक्तूबर, अभीतक: जिला से संबंधित प्रगति एवं पीएमजी मामलों की समीक्षा को लेकर बुधवार को डीसी वर्षा खांगवाल ने अधिकारियों की बैठक ली। बैठक में प्रगति एवं पीएमजी मामलों में झज्जर प्रशासन द्वारा निभाई जा रही जिम्मेदारी पर संतोष जताया गया और कहा कि इस प्रकार के प्रोजेक्ट को लेकर प्रशासन सजग है। बैठक में संबंधित मामलों की वर्तमान स्थिति, अब तक की गई कार्रवाई तथा इनके समाधान की दिशा में हुई प्रगति की विस्तार से समीक्षा भी की गई। डीसी वर्षा खांगवाल ने संबंधित अधिकारियों के साथ मामलों की समीक्षा करते हुए निर्देश दिए कि प्रगति एवं पीएमजी से संबंधित मामलों को प्राथमिकता के आधार पर लेते हुए निर्धारित समय सीमा में आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है और इसकी नियमित मोनिटरिंग भी की जाए। उन्होंने कहा कि विकास परियोजनाओं और जनहित से जुड़े मामलों के समाधान में किसी भी स्तर पर अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए। डीसी ने कहा कि जिन मामलों के समाधान में एक से अधिक विभागों अथवा एजेंसियों की भूमिका है, उनमें आपसी समन्वय स्थापित करते हुए कार्रवाई को आगे बढ़ाया जाए। संबंधित अधिकारी अपने-अपने विभाग से जुड़े मामलों की नियमित समीक्षा करें और प्रगति की अद्यतन स्थिति से उच्च अधिकारियों को अवगत करवाएं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रत्येक लंबित मामले के समाधान के लिए स्पष्ट कार्ययोजना तैयार करते हुए समयबद्ध तरीके से कार्रवाई की जाए। साथ ही, जिन मामलों में किसी प्रकार की बाधा आ रही है, उसका तत्काल समाधान सुनिश्चित किया जाए, ताकि विकास कार्यों को गति मिल सके।

पुलिस स्मृति दिवस पर शहीदों को नमन, पुलिस कमिश्नर ने शहीद परिवारों को किया सम्मानित’
पिछले वर्ष देश के 154 शहीद पुलिसकर्मियों को दी श्रद्धांजलि’
हरियाणा के इंस्पेक्टर जगदीश प्रसाद, सब-इंस्पेक्टर रवि कुमार, एएसआई राजेंद्र और एएसआई सुनील कुमार के बलिदान को किया याद’
पुलिस कमिश्नर का संदेशकृवर्दी देशसेवा का संकल्प, कर्तव्य के साथ स्वास्थ्य, परिवार और समाज के प्रति जिम्मेदारी निभाना भी जरूरी’
पुलिस लाइन झज्जर में आयोजित कार्यक्रम में पुलिस अधिकारियों ने शहीदों के सर्वोच्च बलिदान को किया याद, कर्मचारियों को सकारात्मक सोच के साथ कर्तव्य निभाने के लिए किया प्रेरित’

झज्जर, 21 अक्तूबर, अभीतक: पुलिस लाइन झज्जर स्थित शहीद स्मारक पर बुधवार को पुलिस स्मृति दिवस श्रद्धा, सम्मान और कृतज्ञता के भाव के साथ मनाया गया। कार्यक्रम में पुलिस कमिश्नर झज्जर सिमरदीप सिंह ने देश की आंतरिक सुरक्षा और नागरिकों की रक्षा करते हुए अपने प्राणों का सर्वोच्च बलिदान देने वाले पुलिस के वीर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की। इस अवसर पर शहीद पुलिसकर्मियों के परिजनों को सम्मानित कर उनके त्याग, साहस और राष्ट्र के प्रति समर्पण को नमन किया गया। पुलिस स्मृति दिवस के अवसर पर पिछले वर्ष देशभर में शहीद हुए 154 पुलिसकर्मियों को श्रद्धांजलि अर्पित की गई। इनमें हरियाणा के इंस्पेक्टर जगदीश प्रसाद, सब-इंस्पेक्टर रवि कुमार, सहायक उपनिरीक्षक राजेंद्र तथा सहायक उपनिरीक्षक सुनील कुमार भी शामिल रहे। इन वीर जवानों ने कर्तव्य का निर्वहन करते हुए सर्वोच्च बलिदान दिया। उनका साहस, समर्पण और राष्ट्र के प्रति निष्ठा सदैव पुलिस बल और समाज के लिए प्रेरणास्रोत रहेंगे।कार्यक्रम में पुलिस उपायुक्त मुख्यालय झज्जर फैसल खान, पुलिस उपायुक्त क्राइम, यातायात एवं बहादुरगढ़ शुभम सिंह तथा पुलिस उपायुक्त झज्जर धारणा यादव सहित अन्य पुलिस अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।इस दौरान पुलिस कमिश्नर सिमरदीप सिंह ने कहा कि पुलिस स्मृति दिवस केवल शहीदों को याद करने का अवसर नहीं, बल्कि उनके आदर्शों को अपने जीवन और कार्यशैली में अपनाने का संकल्प लेने का दिन भी है। देश की सुरक्षा, कानून-व्यवस्था बनाए रखने और आमजन के जीवन की रक्षा के लिए पुलिसकर्मी कठिन परिस्थितियों में भी अपने दायित्वों का निर्वहन करते हैं। अनेक पुलिसकर्मी कर्तव्य निभाते हुए अपने प्राणों तक का बलिदान दे देते हैं। उनका साहस, कर्तव्यनिष्ठा और राष्ट्र के प्रति समर्पण आने वाली पीढ़ियों के लिए सदैव प्रेरणास्रोत रहेगा। उन्होंने 21 अक्टूबर 1959 को लद्दाख के हॉट स्प्रिंग क्षेत्र में चीनी सैनिकों के हमले का बहादुरी से सामना करने वाले सीआरपीएफ के जवानों के बलिदान का स्मरण करते हुए बताया कि इस घटना में दस वीर जवानों ने मातृभूमि की रक्षा करते हुए अपने प्राण न्यौछावर कर दिए थे। इन वीर जवानों की स्मृति और पुलिस बल के बलिदान को सम्मान देने के उद्देश्य से प्रत्येक वर्ष 21 अक्टूबर को पुलिस स्मृति दिवस मनाया जाता है। यह दिन देशभर के पुलिस बलों को अपने शहीद साथियों के अदम्य साहस और कर्तव्य के प्रति अटूट निष्ठा से प्रेरणा लेने का संदेश देता है।पुलिस कर्मचारियों को संबोधित करते हुए पुलिस कमिश्नर ने तनाव प्रबंधन और संतुलित जीवन के महत्व पर भी विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि पुलिस की नौकरी में चुनौतियां, दबाव और जिम्मेदारियां स्वाभाविक हैं, लेकिन सकारात्मक सोच, धैर्य और आपसी सहयोग के साथ इनका सामना करना चाहिए। वर्दी पहनना केवल नौकरी करना नहीं, बल्कि समाज की सुरक्षा और देशसेवा के प्रति एक बड़ी जिम्मेदारी निभाना है।उन्होंने कहा कि प्रत्येक पुलिसकर्मी को अपने कर्तव्य के साथ-साथ अपने शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य का ध्यान रखना चाहिए। परिवार, माता-पिता और बच्चों के प्रति जिम्मेदारियों तथा सामाजिक दायित्वों को भी पूरी संवेदनशीलता से निभाना जरूरी है। स्वस्थ शरीर, शांत मन और परिवार का सहयोग पुलिसकर्मी को अधिक ऊर्जा और समर्पण के साथ काम करने की शक्ति देता है। पुलिस कमिश्नर ने कर्मचारियों को प्रेरित करते हुए कहा कि जीवन की चुनौतियों के बीच अपनी जिम्मेदारियों और जीवन के सकारात्मक पक्षों को हमेशा याद रखें। आमजन की सुरक्षा करते हुए स्वयं को स्वस्थ, प्रसन्न और मानसिक रूप से मजबूत बनाए रखना भी आवश्यक है। शहीदों के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि यही है कि हम उनके दिखाए मार्ग पर चलते हुए ईमानदारी, संवेदनशीलता और निष्ठा के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन करें तथा पुलिस और जनता के बीच विश्वास को और मजबूत बनाएं।

एंटी नारकोटिक सेल झज्जर की दो टीमों ने अलग-अलग स्थानों से दो आरोपियों को किया गिरफ्तार’
दोनों आरोपियों से 5-5 किलो चूरा पोस्त बरामद, कुल 10 किलो नशीला पदार्थ बरामद’
तीन दिन के पुलिस रिमांड पर लिए गए दोनों आरोपी’

झज्जर, 21 अक्तूबर, अभीतक: डीसीपी क्राइम शुभम सिंह के दिशा-निर्देशन में कार्रवाई करते हुए एंटी नारकोटिक सेल झज्जर की पुलिस टीमों ने थाना साल्हावास के अंतर्गत पुलिस चैकी मातनहेल क्षेत्र में दो अलग-अलग स्थानों से दो आरोपियों को गिरफ्तार करने में कामयाबी हासिल की है। पुलिस टीमों ने पकड़े गए दोनों आरोपियों के कब्जे से 5-5 किलो कुल 10 किलो चूरा पोस्त बरामद किया गया है। पकड़े गए आरोपियों के खिलाफ थाना साल्हावास में मादक पदार्थ अधिनियम के तहत मामला दर्ज करके आगामी कार्रवाई की जा रही है।मामले की जानकारी देते हुए एंटी नारकोटिक सेल झज्जर के प्रभारी उप निरीक्षक रिषिपाल ने बताया कि डीसीपी क्राइम शुभम सिंह के दिशा-निर्देशानुसार नशीले पदार्थों की रोकथाम तथा मादक पदार्थों की तस्करी में संलिप्त आरोपियों की धरपकड़ के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी के तहत एंटी नारकोटिक सेल की दो अलग-अलग पुलिस टीमों ने गुप्त सूचनाओं के आधार पर कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया।
पहली कार्रवाई में 5 किलो चूरा पोस्त बरामद
उन्होंने बताया कि एंटी नारकोटिक सेल झज्जर में तैनात सहायक उप निरीक्षक राजेश कुमार की पुलिस टीम पुलिस चैकी मातनहेल क्षेत्र में तैनात थी। इसी दौरान टीम को गुप्त सूचना मिली कि बलजीत निवासी छुछकवास, जिला झज्जर, मादक पदार्थ बेचने का अवैध धंधा करता है और आज इमलोटा मोड़, मातनहेल पर चूरा पोस्त बेचने के लिए आएगा।सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर निगरानी शुरू की। कुछ समय बाद एक व्यक्ति कमर पर पिट्ठू बैग लेकर पैदल आता दिखाई दिया। पूछताछ करने पर उसने अपनी पहचान बलजीत निवासी छुछकवास, जिला झज्जर के रूप में बताई। पुलिस टीम ने नियमानुसार राजपत्रित अधिकारी को मौके पर बुलाकर उनकी मौजूदगी में बैग की तलाशी ली। तलाशी के दौरान बैग से 5 किलो चूरा पोस्त बरामद हुआ।
दूसरी कार्रवाई में भी 5 किलो चूरा पोस्त बरामद
एंटी नारकोटिक सेल में तैनात उप निरीक्षक नरेंद्र की पुलिस टीम को भी गुप्त सूचना मिली कि अजीत निवासी सासरौली, जिला झज्जर, मादक पदार्थ बेचने का अवैध धंधा करता है और सासरौली माइनर, मातनहेल-सासरौली रोड पर चूरा पोस्त लेकर आने वाला है।पुलिस टीम ने सूचना के आधार पर मौके पर पहुंचकर निगरानी की। इसी दौरान एक व्यक्ति कमर पर पिट्ठू बैग लेकर पैदल आता दिखाई दिया। पूछताछ में उसने अपनी पहचान अजीत निवासी सासरौली, जिला झज्जर के रूप में बताई। पुलिस टीम ने राजपत्रित अधिकारी को मौके पर बुलाकर उनकी मौजूदगी में नियमानुसार बैग की तलाशी ली, जिसमें से 5 किलो चूरा पोस्त बरामद हुआ।
तीन दिन के पुलिस रिमांड पर दोनों आरोपी
पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ थाना साल्हावास में मादक पदार्थ अधिनियम के तहत अलग-अलग स्थानों से चूरा पोस्त बरामदगी के संबंध में मामला दर्ज किया। दोनों आरोपियों को अदालत झज्जर में पेश किया गया, जहां से उन्हें पूछताछ के लिए तीन दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया। पुलिस द्वारा आरोपियों से मादक पदार्थ की खरीद-फरोख्त तथा इस अवैध धंधे से जुड़े अन्य पहलुओं के संबंध में पूछताछ की जा रही है।

वर्षा खांगवाल, डीसी झज्जर।

मच्छर जनित बीमारियों से बचाव को लेकर बरतें सावधानी: डीसी
डीसी वर्षा खांगवाल ने झज्जर जिला वासियों से किया आह्वान

झज्जर, 21 अक्तूबर, अभीतक: डेंगू से बचाव का सबसे प्रभावी उपाय मच्छरों की रोकथाम तथा उनके प्रजनन स्थलों को समाप्त करना है। इसके लिए आमजन की सक्रिय भागीदारी बेहद जरूरी है। डीसी वर्षा खांगवाल ने जिला के नागरिकों से आह्वान किया है कि वे मच्छरों से होने वाली बीमारियों, विशेषकर डेंगू से बचाव के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी सावधानियों का पालन करें। डीसी वर्षा खांगवाल ने जनहित में जानकारी देते हुए बताया कि नागरिक घर से बाहर निकलते समय पूरे शरीर को ढकने वाले कपड़े पहनें तथा आवश्यकता के अनुसार मच्छरदानी का प्रयोग करें। दिन के समय भी मच्छरों से बचाव जरूरी है, क्योंकि डेंगू फैलाने वाला मच्छर दिन के समय भी सक्रिय रहता है। नागरिक मच्छर भगाने वाले साधनों का भी उचित प्रयोग करें। घरों, कार्यालयों और आसपास के क्षेत्रों में कहीं भी पानी जमा न होने दें। कूलर, गमले, टायर, छतों पर रखे बर्तन, टंकियों तथा अन्य ऐसे स्थानों की नियमित सफाई करें, जहां पानी एकत्रित हो सकता है। स्वच्छ एवं सूखा वातावरण बनाए रखकर मच्छरों के प्रजनन को काफी हद तक रोका जा सकता है। डीसी ने कहा कि मच्छरों से बचाव के उपाय अपनाएं और अपने परिवार को डेंगू से सुरक्षित रखें। जिला प्रशासन द्वारा स्वास्थ्य विभाग के साथ मिलकर डेंगू व अन्य मच्छर जनित बीमारियों की रोकथाम के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।
तेज सिरदर्द, शरीर में दर्द, आंखों के पीछे दर्द जैसे लक्षण मिलने पर डॉक्टर से करें संपर्क
सिविल सर्जन डॉ मंजू कादयान ने बताया कि किसी व्यक्ति को बुखार, तेज सिरदर्द, शरीर में दर्द, आंखों के पीछे दर्द, जी मिचलाना अथवा त्वचा पर लाल चकत्ते जैसे लक्षण दिखाई देने पर स्वयं दवा लेने के बजाय चिकित्सक से परामर्श लें। डेंगू की रोकथाम के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा चलाए जा रहे जागरूकता एवं जांच अभियान में आमजन सहयोग करें।

एनएसएस स्वयंसेवकों का एक दिवसीय शिविर आयोजित
झज्जर, 21 अक्तूबर, अभीतक: राजकीय महाविद्यालय बिरोहड़ में प्राचार्य प्रो० (डॉ०) दलबीर सिंह के निर्देशन में राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवकों के लिए बुधवार को एकदिवसीय शिविर आयोजित किया गया। महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो० दलबीर सिंह के प्रेरणादायी संबोधन से शिविर का शुभारंभ हुआ ।एनएसएस यूनिट 1 और यूनिट 2 के संयुक्त तत्वाधान में स्वयंसेवकों ने पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छता और नशा मुक्ति के पोस्टर-बैनर संग बिरोहड़ गांव में जागरूकता-रैली निकाली। तत्पश्चात एनएसएस कार्यक्रम अधिकारी मिस सुनीता और रविशंकर त्रिपाठी के नेतृत्व में बच्चों ने स्वच्छता हेतु श्रमदान किया। श्री पवन कुमार द्वारा बच्चों को योग और प्राणायाम का अभ्यास करवाया गया। एकदिवसीय शिविर के समापन सत्र में महाविद्यालय के प्रशासनिक प्रभारी डॉ० सुरेंद्र सिंह ने स्वयंसेवकों को एनएसएस की नियमित गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी करने और समाज सेवा में शामिल होने के लिए प्रेरित किया। शिविर का संचालन मिस सुनीता, डॉ० शिवानी और रवि शंकर त्रिपाठी द्वारा किया गया। इस अवसर पर डॉ० शिवानी और डा० निशा, डा० अंजलि भी उपस्थित रहीं।

झज्जर: किसानों के समर्थन में जेजेपी का झज्जर में प्रदर्शन
अनाज पर केंद्र सरकार द्वारा₹25 क्विंटल बढ़ाए जाने से नाराज दिखे जेजेपी कार्यकर्ता
जेजेपी सैनिक प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय सचिव कर्नल एस एस राठी के नेतृत्व में किया प्रदर्शन, एसडीएम को ज्ञापन सौंपा
कहा: केंद्र सरकार ने किया है किसानों के साथ किया बेहूदा मजाक
रू खुद को बताया किसानों के मसीहा स्वर्गीय देवीलाल का सच्चा सिपाही
कहारू किसानो की अनदेखी सहन नहीं करेगी उनकी पार्टी

रोहतक: बीजेपी सरकार के 12 साल पर दीपेंद्र हुड्डा का हमला, बोलेदृ प्रदेश में बेरोजगारी, अपराध और नशे का कारोबार बढ़ा
रोहतक सांसद दीपेंद्र सिंह हुड्डा ने बीजेपी सरकार पर चुनावी वादे पूरे नहीं करने का लगाया आरोप।
महिलाओं को ₹2100 देने और बीपीएल परिवारों को ₹500 में गैस सिलेंडर देने के वादे पर सरकार को घेरा।
धान पर ₹3100 डैच् देने के वादे का जिक्र कर बोले: मंडियों में किसानों की फसल पर कटौती हो रही है।
बेरोजगारी पर सवाल उठाते हुए कहा: नई भर्तियों के बजाय पुरानी भर्तियों की जॉइनिंग को उपलब्धि बताया जा रहा है।
रोहतक में ऑनलाइन ऑर्डर पर नशा मिलने का आरोप लगाकर युवाओं की सुरक्षा पर चिंता जताई।
भर्ती प्रक्रिया में गड़बड़ी, रेलवे लाइनों का निर्माण नहीं होने और महम एयरपोर्ट व गोहाना कोच फैक्टरी की योजनाएं दूसरी जगह जाने के मुद्दे उठाए।
बीजेपी की तीसरी बार सरकार बनने पर बोलेदृ यह सरकार विकास नहीं, चुनावी व्यवस्था के दम पर बनी है।
अजय-अभय चैटाला के हुड्डा परिवार पर आरोपों को लेकर दीपेंद्र बोलेदृ दोनों सुबह से शाम तक हुड्डा साहब को निशाना बनाते हैं।
अभय चैटाला पर पलटवार करते हुए पूछा: 19 सीटों की उम्मीद वाली पार्टी एक सीट पर कैसे सिमट गई और वे अपनी सीट भी क्यों हार गए?

कैथल: कैथल ट्रैफिक पुलिस ने बुलेट का बजाया 42 हजार रुपये का पटाखा
बुलेट पटाखे का पुलिस ने किया 42 हजार का चालान
बुलेट के चालक के पास ना तो किसी प्रकार के कोई कागजात थे और ना ही बाइक पर दोनों नम्बर प्लेट थी
बुलेट बाइक को इम्पाउंड कर किया चालान

जिला कारागार झज्जर का औचक निरीक्षण किया: सीजेएम विशाल
झज्जर, 21 अक्तूबर, अभीतक: जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, झज्जर के चेयरमैन एवं जिला व सत्र न्यायाधीश राजकुमार यादव के दिशा- निर्देशानुसार, प्राधिकरण के सचिव एवं मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी विशाल ने जिला कारागार झज्जर का औचक निरीक्षण किया।
मुफ्त कानूनी सहायता की जानकारी
सीजेएम विशाल ने कैदियों को संबोधित करते हुए कहा कि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कोई भी व्यक्ति आर्थिक या अन्य अक्षमताओं के कारण न्याय पाने से वंचित न रहे। जिन कैदियों के पास अपना वकील करने के लिए साधन नहीं हैं, उन्हें प्राधिकरण की ओर से मुफ्त सरकारी अधिवक्ता (पैनल अधिवक्ता) उपलब्ध कराया जाता है।
जेल व्यवस्थाओं का निरीक्षण
लोक अदालत के आयोजन के साथ-साथ डीएलएसए सचिव ने जेल परिसर, कैदियों के बैरक, रसोईघर (मैस) में बनने वाले भोजन की गुणवत्ता और जेल अस्पताल में स्वास्थ्य सुविधाओं का जायजा लिया। उन्होंने जेल प्रशासन को निर्देश दिया कि कैदियों के मानवाधिकारों का पूर्ण सम्मान किया जाए, जेल परिसर में साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखा जाए और जरूरतमंद कैदियों को समय पर चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई जाए। सीजेएम विशाल ने बताया कि जिला कारागार झज्जर में बंद बंदियों के लिए रेडियो जोकि की शुरुआत की गई है जोकि बंदियों के लिए मनोरंजन का साधन है रेडियो जोकि हर ब्लॉक की बैरिक में जोड़ा गया है ताकि सभी बंदियों को मानसिक रूप से राहत मिलेगी। सीजेएम विशाल ने बंदियों से अपील की कि वे अपने आचरण में सुधार लाएं और समाज की मुख्यधारा से जुड़ने का संकल्प लें। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, झज्जर द्वारा किसी भी कानूनी सहायता या जानकारी के लिए हेल्पलाइन नंबर 01251 -252013 जारी किया गया है।

चंडीगढ़: त्योहारी सीजन में खाद्य सुरक्षा निगरानी अभियान तेज करें: आरती सिंह राव
प्रत्येक जिले में 100दृ150 सर्विलांस नमूने लेने के निर्देश
कहा, जिला स्तरीय विशेष खाद्य निगरानी दलों का गठन करें
कहा: प्रदेश सरकार प्रत्येक नागरिक को सुरक्षित खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि विशेष रूप से दीपावली एवं छठ पूजा के त्योहारी सीजन के दौरान मिठाइयों, दूध तथा दुग्ध उत्पादों की बढ़ती खपत को ध्यान में रखते हुए खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता एवं सुरक्षा सुनिश्चित करने पर विशेष बल दिया जा रहा है।
हरियाणा के सभी उपायुक्तों को पत्र लिखकर कहा गया है कि वे जिला स्तरीय विशेष खाद्य निगरानी दलों का गठन करें। ये दल प्रमुख बाजारों, मिठाई की दुकानों, डेयरियों, दूध विक्रेताओं तथा अन्य खाद्य कारोबार परिसरों में निरीक्षण एवं सर्विलांस सैंपलिंग करेंगे, ताकि घटिया गुणवत्ता वाले, मिलावटी तथा असुरक्षित खाद्य पदार्थों की पहचान की जा सके।

प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय रूद्र कॉलोनी द्वारा नवरात्रि और विजयदशमी पर देवियों की झांकियां लगाई गई। जिसमें ब्रह्माकुमारी संस्था की शाखा संचालिका बी के रजनी दीदी ने नवरात्रि के और विजयदशमी के महत्व पर बताते हुए कहा कि नवरात्रि की नौ देवियों और उसमें जलती हुई अखंड ज्योत इस बात का प्रतीक है कि अगर हम सत्य की राह पर अखंड और अविचलित चलते रहे तो हम अपनी गुण और शक्तियों को जैसे देवियों के नाम संतोषी, शीतला, दुर्गा, काली, मीनाक्षी यह सब गुणवाचक नाम है उसे अनुसार अपने आप को निखार सकते हैं। क्योंकि देवियां प्रतीक हैं सत्यता की अखंडता की संतुष्टता की और शीतलता की और दूसरी तरफ जब देवियों का पूजन होता है। उसके अंदर विशेष शुद्धता और स्वच्छता का ध्यान रखा जाता है तो पवित्रता शुद्धता और स्वच्छता इस बात का याद दिलाती है कि जहां पर मन स्वच्छ है। जहां पर विचार शुद्ध हैं। वहीं पर देवत्व का वास होता है और नवरात्रि के दसवें दिन विजयदशमी का त्यौहार मनाया जाता है। विजयदशमी अर्थात जिसमें रावण को 10 सिरों के सहित उसका संस्कार किया जाता है अर्थात मनुष्य के अंदर आज आलस्य, अलबेलापन, काम, क्रोध, लोभ, मोह, अहंकार, ईर्ष्या, द्वेष यह 10 बुराइयां आ चुकी हैं। वह आज कर्मेंद्रियो का गुलाम बन चुका है अगर वह अपनी बुराइयों का अपनी कमी कमजोरी का नाश कर दे तो रावण का वास्तविक दहन होगा तभी विजयदशमी मनाई जा सकती है इस अवसर पर बीके संगीता बहन बीके शिवानी बीके वंशिका गरिमा दिव्या सज्जन भाई रामविलास वशिष्ठ भाई रोनित भाई आदि सैकड़ो लोगों ने भाग लेकर विजयदशमी पर अपनी बुराइयों को छोड़ने की कसम उठाई

भिवानी में कांग्रेस नेता अशोक तंवर ने भाजपा सरकार पर बोला तीखा हमला, 2 लाख नौकरियों और लाडो लक्ष्मी योजना पर मांगा हिसाब
हरियाणा प्रदेश में दो वर्ष में विकास कार्य हुए है तो उनका श्वेत पत्र जारी करे सरकार: डाॅ. अशोक तंवर
हरियाणा के नायब सैनी सरकार के दो साल कुशासन और वादाखिलाफी से भरे: डा. अशोक तंवर
24 फसलों पर एमएसपी का दावा झूठा, मंडियों में भटक रहा किसान, मुख्यमंत्री दूसरे राज्यों के दौरों में व्यस्त: डाॅ. अशोक तंवर
बिना पर्ची-खर्ची के दावे बेनकाब, पेपर लीक का बोलबाला, गरीबों को आवास का वादा भी अधूरा: डाॅ. अशोक तंवर
जिला अध्यक्ष अनिरुद्ध चैधरी और प्रदीप गुलिया बोले रू हर वर्ग ठगा महसूस कर रहा, सडक से सदन तक उठाएंगे मुद्दे

भिवानी, 21 अक्तूबर, अभीतक: स्थानीय जैन चैक स्थित तिलक भवन में बुधवार को आयोजित पत्रकार वार्ता के कांग्रेस पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने नायब सैनी सरकार के दो साल के कार्यकाल को पूरी तरह विफल, कुशासन और वादाखिलाफी से भरा करार दिया है। पत्रकार वार्ता को कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष एवं पूर्व सांसद डॉ. अशोक तंवर ने संबोधित करते हुए सरकार को हर मोर्चे पर घेरते हुए जनता के साथ धोखाधड़ी करने के तीखे आरोप लगाए। पत्रकार वार्ता में डा. अशोक तंवर ने भाजपा के 2024 के चुनावी संकल्प पत्र के वादों की पोल खोलते हुए कहा कि सरकार ने चुनाव के समय युवाओं को दो लाख पक्की सरकारी नौकरियां देने का बड़ा वादा किया था। परंतु आज धरातल पर भर्तियों का बेहद बुरा हाल है और पूरे प्रदेश में पेपर लीक का बोलबाला है। बिना पर्ची और बिना खर्ची के लंबे-चैड़े दावे करने वाली यह सरकार पूरी तरह से बेनकाब हो चुकी है। महिला कल्याण और अन्य बुनियादी योजनाओं पर बोलते हुए डा. तंवर ने लाडो लक्ष्मी योजना का जिक्र किया और कहा कि महिलाओं को हर महीने 2100 रुपये देने का वादा कर चुनावों में वोट तो हासिल कर लिए गए, लेकिन अब तरह-तरह की जटिल शर्तें और पात्रता नियम थोपकर लाभार्थियों को इस योजना से बाहर किया जा रहा है। इसके साथ ही, प्रति परिवार 10 लाख रुपये के स्वास्थ्य बीमा और सरकारी अस्पतालों में मुफ्त डायलिसिस के वादे भी पूरी तरह कागजी घोषणा साबित हुए हैं। गरीबों को 5 लाख नए आवास देने और कांग्रेस कार्यकाल में आवंटित 100-100 गज के प्लॉटों की कॉलोनियों को नियमित करने के मोर्चे पर भी यह सरकार पूरी तरह विफल रही है। अन्नदाता किसानों के मुद्दों को उठाते हुए नेताओं ने कहा कि 24 फसलों पर एमएसपी का दावा करने वाली सरकार की मंडियों में आज बाजरा, धान, गेहूं और सरसों लेकर पहुंचने वाला किसान अपनी फसल बेचने के लिए दर-दर भटक रहा है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी पर करारा तंज कसते हुए नेताओं ने कहा कि जब पूरा हरियाणा बिजली-पानी की गंभीर किल्लत और बुनियादी सुविधाओं के अभाव से जूझ रहा है, तब मुख्यमंत्री अपनी जनता की समस्याओं को दरकिनार कर पंजाब, बिहार के दौरों और विदेश यात्राओं में व्यस्त हैं। इसके अलावा, मेरठ-दिल्ली आरआरटीएस तो शुरू हो गया, लेकिन हरियाणा से जुड़ी पानीपत-करनाल और गुरुग्राम-रेवाड़ी-अलवर जैसी महत्वपूर्ण परियोजनाएं वर्षों से फाइलों में लटकी हुई हैं। इस मौके पर कांग्रेस जिला अध्यक्ष (ग्रामीण) अनिरूद्ध चैधरी और कांग्रेस जिला अध्यक्ष (शहरी) प्रदीप गुलिया जोगी ने कहा कि आज प्रदेश का पढ़ा-लिखा युवा रोजगार के लिए दर-दर भटक रहा है और सरकार झूठे आंकड़ों से युवाओं को गुमराह कर रही है। उन्होंने एक स्वर में ऐलान किया कि प्रदेश का हर वर्ग चाहे वह किसान हो, मजदूर हो, युवा हो, महिलाएं हों या छोटा व्यापारी खुद को ठगा हुआ महसूस कर रहा है। कांग्रेस पार्टी जनता के इन सभी ज्वलंत मुद्दों और अधिकारों की लड़ाई को चुपचाप बैठने वाली नहीं है। कांग्रेस पार्टी इन जनविरोधी नीतियों के खिलाफ सडक से लेकर सदन तक पूरी ताकत और मजबूती के साथ आवाज उठाएगी और सरकार को उसकी नाकामियों का जवाब देने के लिए विवश कर देगी। इस मौके पर पूर्व विधायक डा. शिवशंकर भारद्वाज सहित सभी प्रकोष्ठों के पदाधिकारी व कार्यकर्ता मौजूद रहे।

राशन डिपो के लिए ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित, 10 नवंबर तक करें आवेदन
महिलाओं को मिलेगा 33 प्रतिशत आरक्षण

रेवाड़ी, 21 अक्तूबर, अभीतक: हरियाणा सरकार द्वारा राज्य में सार्वजनिक वितरण प्रणाली को और अधिक सुदृढ़ बनाने तथा गरीब एवं पात्र परिवारों को सुगम तरीके से राशन उपलब्ध कराने के लिए ऐतिहासिक कदम उठाए जा रहे हैं। इसी कड़ी में प्रदेशभर में रिक्त राशन डिपो के लाइसेंस जारी करने के लिए ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। इन दुकानों के आवंटन में महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण का विशेष प्रावधान किया गया है, जिससे महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा मिलेगा। डीसी अभिषेक मीणा ने जानकारी देते हुए बताया कि इच्छुक एवं पात्र आवेदक हरियाणा अंत्योदय सरल पोर्टल ीजजचेरूध्ध्ेंतंसींतलंदं.हवअ.पद के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि आवेदन करने की अंतिम तिथि 10 नवंबर तक है। उन्होंने बताया कि इसका मुख्य उद्देश्य सार्वजनिक वितरण प्रणाली के अंतर्गत पात्र लाभार्थियों को आवश्यक खाद्यान्न की सुलभ उपलब्धता सुनिश्चित करना, युवाओं के लिए स्वरोजगार के नए अवसर सृजित करना तथा महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है। इसके साथ ही, ग्रामीण एवं दूरदराज के क्षेत्रों में रहने वाले परिवारों को राशन प्राप्त करने में आने वाली कठिनाइयों को दूर करना भी इस योजना का प्रमुख उद्देश्य है। डीसी ने बताया कि आवेदन प्रक्रिया, पात्रता शर्तों और अन्य विस्तृत जानकारी के लिए खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग, हरियाणा की आधिकारिक वेबसाइट ीजजचेरूध्ध्ींतलंदंविवकण्हवअण्पद पर उपलब्ध है। इस पर देख सकते हैं। उन्होंने जिले के सभी इच्छुक एवं पात्र आवेदकों, विशेषकर युवाओं और महिलाओं से अपील की है कि वे निर्धारित पात्रता शर्तों एवं दिशा-निर्देशों का भलीभांति अध्ययन करने के बाद अंतिम तिथि 10 नवंबर से पहले अपना आवेदन ऑनलाइन जमा करवाएं।

चेक बाउंस केसेस के लिए स्पेशल लोक अदालत का आयोजन 21 नवंबर को
रेवाड़ी, 21 अक्तूबर, अभीतक: हरियाणा राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण पंचकूला के निर्देशानुसार डॉ. रेनू सोलखे, मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी कम सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण रेवाड़ी ने बताया कि 21 नवंबर 2026 को जिला न्यायालय रेवाड़ी, सब-डिवीजन, कोसली तथा बावल में स्पेशल लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा। जिसमें चेक बाउंस के केस समझौते के लिए रखे जाएंगे। डॉ. रेनू सोलखे, मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी कम सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण रेवाड़ी ने बताया कि लोक अदालत में फैसला होने पर समय और धन दोनों की ही बचत होती है तथा जल्दी न्याय मिलता है तथा दोनों पार्टियों के बीच में भाईचारा बढ़ता है। लोक अदालत में जो केस किसी भी कोर्ट में पेंडिंग होते हैं अथवा प्री लिटिगेशन स्टेज पर भी लोक अदालत में केस रखवाए जा सकते हैं। इसके साथ ही डॉ. रेनू सोलखे, मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी कम सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण रेवाड़ी ने बताया कि लोक अदालत में फैसला होने पर पूरी कोर्ट फीस वापस की जाती है तथा लोक अदालत का फैसला दोनों पक्षों को मान्य होता है। डॉ. रेनू सोलखे ने आम जनता से अपील कि है कि वे ज्यादा से ज्यादा संख्या में अपने चेक बाउंस के केस स्पेशल लोक अदालत द्वारा सुलझाएं। इसके लिए आमजन हेल्पलाइन नंबर 01274-220062 तथा नजदीकी जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के कार्यालय में भी संपर्क कर सकते हैं।

जिला जेल में लोक अदालत का किया आयोजन
रेवाड़ी, 21 अक्तूबर, अभीतक: हरियाणा राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण पंचकूला के निर्देशानुसार डॉ. रेनू सोलखे, मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी कम सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण रेवाड़ी ने बुधवार को जिला जेल रेवाड़ी में लोक अदालत का आयोजन किया। इस दौरान उन्होंने जिला जेल का औचक निरीक्षण भी किया। इस निरीक्षण में उन्होंने जेल में सफाई का जायजा लिया तथा जेल में चलाए जा रहे क्लिनिक में रजिस्टर भी जांचें। डॉ. रेनू सोलखे द्वारा जिला जेल रेवाड़ी के मुलाकाती एरिया में स्थापित हेल्प डेस्क का भी निरीक्षण किया। उन्होंने बताया कि कोई भी सजायाफ्ता कैदी अपनी अपील फाइल करना चाहते हैं तो उसका विवरण भी रजिस्टर में रहे तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण को सूचना भिजवाए तथा जेल अधिकारियों को उचित दिशा निर्देश दिए। डॉ. रेनू सोलखे, मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी कम सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण रेवाड़ी ने जिला जेल में जिला रेवाड़ी के पब्लिक हेल्थ डिपार्टमेंट तथा पब्लिक वर्क्स डिपार्मेंट के अधिकारियों की मीटिंग भी रखी, जिसमें जिला जेल में लंबित कार्यों की समीक्षा की गई तथा उचित आदेश दिए गए।

हिसार: जय प्रकाश (जे.पी.), माननीय सांसद एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री के साथ श्रीमती गीता भुक्कल, विधायक झज्जर एवं पूर्व शिक्षा मंत्री हरियाणा ने ‘वोट बचाओदृदेश बचाओ अभियान’ के तहत आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में भाग लिया। इस अवसर पर लोकतंत्र की रक्षा, निष्पक्ष चुनाव प्रक्रिया सुनिश्चित करने तथा मताधिकार की सुरक्षा के लिए अभियान को जन-जन तक पहुँचाने के विषय पर चर्चा की गई। इस मौके पर विधायक श्री नरेश सेलवाल , श्री अनिल मान, जिला अध्यक्ष श्री बृजलाल बहबलपुर ,पूर्व जिला परिषद चेयरमैन श्री राजेंद्र सुरा , श्री तेजवीर पुनिया , ग्रामिण एससी सेल के अध्यक्ष श्री रतन बड़गुर्जर, शहरी एससी सेल के अध्यक्ष श्री सोनू सहित अन्य नेतागण मौजूद रहे।

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने मौजूदा हालातों पर प्रशासनिक सचिवों के साथ की समीक्षा बैठक की
गुरुग्राम और नूंह में निजी कंपनी को बिजली आपूर्ति का लाइसेंस मिलने के मामले में हरियाणा सरकार पूरी तरह से बिजली कर्मचारियों के साथ- मुख्यमंत्री
सरकार एचईआरसी के इस निर्णय के खिलाफ विद्युत अपीलीय न्यायाधिकरण (एपीटीईएल) में अपील कर केस की करेगी जोरदार तरीके से पैरवी- मुख्यमंत्री
बिजली कर्मचारी यूनियनसे चाहें तो सरकार इस मामले की पैरवी के लिए उनकी पसंद के वकीलों के माध्यम से केस लड़ने को तैयार- मुख्यमंत्री
सरकार इस मामले में पूरी तरह से बिजली कर्मचारियों के साथ, कर्मचारियों के लिए बातचीत के दरवाजे हमेशा खुले- मुख्यमंत्री
किसी भी स्थिति में मुख्यमंत्री ने सभी विभागों को प्रो-एक्टिव होकर काम करने के दिए निर्देश
मुख्यमंत्री ने बिजली यूनियनों से हड़ताल पर ना जाने की करी अपील
हड़ताल की आड़ में कोई असामाजिक तत्व अव्यवस्था न फैला पाएं ये भी अधिकारी करें सुनिश्चित- मुख्यमंत्री
सभी उपायुक्त जिला स्तर की कमेटी गठित करे जो मुख्य सचिव की अध्यक्षता में गठित हाई-लेवल कमेटी को नियमित रूप से रिपोर्ट दे- मुख्यमंत्री
त्योहारी सीजन में व्यवस्था दुरुस्त कर बिजली कर्मचारियों की हड़ताल से आमजन को असुविधा न हो ये भी सुनिश्चित करें अधिकारी- मुख्यमंत्री
सरकार ने हरियाणा में निजी कंपनी के माध्यम से बिजली आपूर्ति लाइसेंस देने के लिए कोई आवेदन नहीं मांगा- कैबिनेट मंत्री अनिल विज
एचईआरसी के नियमों में इसका प्रावधान किकोई कंपनी लाइसेंस के लिए आवेदन कर सकता है- कैबिनेट मंत्री
सरकार ने इंजीनियर्स एसोसिएशन के साथ मिलकर शुरू से ही निजी कंपनी को लाइसेंस देने का विरोध किया- कैबिनेट मंत्री

झज्जर: झज्जर पुरानी तहसील रॉड सुभाषचंद्र बोस की मूर्ति के पास किसी व्यक्ति का शव पड़ा हुवा है।
दोपहर के समय का बताया जा रहा है।
मृतक व्यक्ति की मौत किन कारणों से हुई है अभी तक पता नही चल पाया है

बिजली संबंधी शिकायत के लिए हेल्पलाइन नंबरों पर करें संपर्क, जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क
बिजली कर्मचारियों की प्रस्तावित हड़ताल के मद्देनजर आमजन की सुविधा और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर डीसी ने की बैठक
डीसी ने आमजन से शांति बनाए रखने की अपील की, सभी सब स्टेशनों पर धारा 163 लागू

रेवाड़ी, 21 अक्तूबर, अभीतक: जिला रेवाड़ी में बुधवार को गैर-संचारी रोगों विशेषकर उच्च रक्तचाप एवं म बिजली कर्मचारियों की प्रस्तावित हड़ताल के मद्देनजर जिला प्रशासन ने आमजन की सुविधा और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर बुधवार को बैठक की। डीसी ने नागरिकों से अपील की है कि बिजली संबंधी किसी भी प्रकार की समस्या आने पर घबराएं नहीं और संबंधित हेल्पलाइन नंबरों पर संपर्क करें। डीसी अभिषेक मीणा ने बताया कि बिजली निगम की हेल्पलाइन नंबर 18001804334 और 1912 तथा जिला प्रशासन के हेल्पलाइन नंबर 01274-221111 और 224444 पर संपर्क कर बिजली संबंधी शिकायत दर्ज कराई जा सकती है। जिला के सभी बिजली सब स्टेशनों पर कानून एवं शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 की धारा 163 लागू की गई है। इससे पहले हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने बिजली कर्मचारियों की प्रस्तावित हड़ताल के मद्देनजर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी जिलों के डीसी, एसपी और संबंधित अधिकारियों के साथ बैठक कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सरकार पूरी तरह से कर्मचारियों के साथ है। डीसी ने आमजन से अपील की कि वे किसी प्रकार की अफवाह या घबराहट में न आएं। जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क है और स्थिति पर नजर रखे हुए है। उन्होंने सरपंचों से भी अपने-अपने गांवों में शांति व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करने का आह्वान किया। एसपी हेमेंद्र मीणा ने कहा कि जिला में सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन सतर्क है। उन्होंने कर्मचारियों और आमजन से शांति बनाए रखने की अपील की। वहीं, बिजली निगम के एसई विजयपाल यादव ने कर्मचारियों से शांतिपूर्ण व्यवहार बनाए रखने तथा नागरिकों से बिजली संबंधी शिकायतों के लिए निर्धारित हेल्पलाइन नंबरों का उपयोग करने का आग्रह किया।

एनसीडी कार्यक्रम की समीक्षा बैठक आयोजित
उपचार एवं रोग नियंत्रण में सुधार को लेकर दिए दिशा निर्देश

रेवाड़ी, 21 अक्तूबर, अभीतक: जिला रेवाड़ी में बुधवार को गैर-संचारी रोगों विशेषकर उच्च रक्तचाप एवं मधुमेह की रोकथाम, जांच, उपचार तथा नियंत्रण की समीक्षा हेतु जिला टास्क फोर्स की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता एडीसी राहुल मोदी ने की। बैठक में उपनिदेशक, एनसीडी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से भाग लिया। इसके अतिरिक्त जिला के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों के वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारियों, उप सिविल सर्जन एनसीडी डॉ. रीतू तथा जिला एनसीडी नोडल अधिकारी डॉ. देवेन ने भाग लिया। बैठक में जिले के एनसीडी कार्यक्रम की प्रगति की समीक्षा करते हुए यह पाया गया कि जिला में एनसीडी स्क्रीनिंग का प्रदर्शन संतोषजनक है, लेकिन स्क्रीनिंग के बाद मरीजों के उपचार, नियमित फॉलो-अप तथा रोग नियंत्रण के स्तर में और सुधार की आवश्यकता है। इस संबंध में एडीसी राहुल मोदी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि केवल मरीजों की जांच तक सीमित न रहते हुए यह सुनिश्चित किया जाए कि चिन्हित मरीजों को समय पर उपचार मिले तथा उनका रक्तचाप एवं रक्त शर्करा निर्धारित लक्ष्यों के अनुसार नियंत्रित रहे। एडीसी ने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों को एनसीडी कार्यक्रम के प्रति अधिक संवेदनशील बनाने तथा उपचार एवं नियंत्रण संबंधी गतिविधियों को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी स्वास्थ्य संस्थानों में मरीजों की पहचान से लेकर उपचार की निरंतरता, नियमित फॉलो-अप और रोग नियंत्रण तक की प्रक्रिया को प्रभावी बनाया जाए। साथ ही, संबंधित अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्र में कार्यक्रम की प्रगति की नियमित समीक्षा करने को कहा गया। बैठक में उपनिदेशक, एनसीडी ने निर्देश दिए कि सभी उप-स्वास्थ्य केंद्रों पर उच्च रक्तचाप एवं मधुमेह के उपचार में उपयोग होने वाली दवाओं का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध रखा जाए। इसके लिए प्रत्येक उप-स्वास्थ्य केंद्र पर कम से कम 5,000 एंटी-हाइपरटेंसिव एवं एंटी-डायबिटिक दवा इकाइयों का स्टॉक रखने के निर्देश दिए गए, ताकि मरीजों को दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित हो सके और उपचार बीच में बाधित न हो। दवाओं के स्टॉक की नियमित निगरानी तथा समय पर पुनः आपूर्ति सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया। बैठक में यह भी स्पष्ट किया गया कि एनसीडी कार्यक्रम की सफलता केवल स्क्रीनिंग के आंकड़ों से नहीं, बल्कि समय पर उपचार शुरू होने, मरीजों द्वारा नियमित दवा सेवन, फॉलो-अप तथा उच्च रक्तचाप एवं मधुमेह के प्रभावी नियंत्रण से सुनिश्चित होगी। इसके लिए सभी एसएमओ एवं संबंधित स्वास्थ्य अधिकारियों को स्वास्थ्य कर्मचारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश देने तथा जमीनी स्तर पर कार्यक्रम के क्रियान्वयन को मजबूत करने के लिए कहा गया। एडीसी राहुल मोदी ने निर्देश दिए कि वे स्वयं जिले में एनसीडी कार्यक्रम के प्रदर्शन की निगरानी उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि आगामी समीक्षा से पहले उपचार एवं रोग नियंत्रण के प्रदर्शन में स्पष्ट सुधार सुनिश्चित किया जाए तथा सभी स्वास्थ्य संस्थान निर्धारित लक्ष्यों की प्राप्ति के लिए समन्वित प्रयास करें। जिला स्वास्थ्य विभाग द्वारा एनसीडी कार्यक्रम के अंतर्गत स्क्रीनिंग के साथ-साथ मरीजों को नियमित उपचार उपलब्ध कराने, दवाओं की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने, फॉलो-अप बढ़ाने तथा उच्च रक्तचाप एवं मधुमेह के नियंत्रण में सुधार लाने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।

भगवान श्रीराम और भरत जी का मिलाप त्याग, समर्पण, प्रेम और मर्यादा की अनुपम मिसाल है: डॉ राजेश भाटिया
फरीदाबाद 21 अक्तूबर, अभीतक: सिद्धपीठ श्री हनुमान मंदिर, श्री सनातन धर्म महाबीर दल एवं पंजाबी सभा, फरीदाबाद द्वारा आयोजित भरत मिलाप समारोह श्रद्धा, भक्ति एवं हर्षोल्लास के साथ संपन्न हुआ। कार्यक्रम में बड़खल विधायक धनेश अदलक्खा व् फरीदाबाद के पूर्व विधायक चंदर भाटिया मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इस अवसर पर श्रद्धालुओं ने भगवान श्रीराम के प्रति अपनी आस्था प्रकट की और भरत मिलाप की पावन परंपरा के साक्षी बने। मंदिर संस्था के प्रधान डॉ. राजेश भाटिया ने कहा कि भगवान श्रीराम और भरत जी का मिलाप त्याग, समर्पण, प्रेम और मर्यादा की अनुपम मिसाल है। यह पावन प्रसंग हमें सिखाता है कि रिश्तों की वास्तविक सुंदरता स्वार्थ में नहीं, बल्कि एक-दूसरे के प्रति सम्मान, विश्वास और निस्वार्थ भाव में होती है। भरत जी ने राजसिंहासन का त्याग कर भाई के प्रति अपने प्रेम और कर्तव्य को सर्वोपरि रखा। उन्होंने कहा कि आज के समय में श्रीराम और भरत जी के आदर्शों को अपनाकर परिवारों में प्रेम, समाज में सद्भाव और आपसी रिश्तों में मजबूती लाई जा सकती है। पंजाबी सभा के प्रधान राजकुमार वोहरा ने कहा कि भारत मिलाप का प्रसंग समाज को आपसी मतभेद भुलाकर प्रेम और सद्भाव के साथ रहने की प्रेरणा देता है। आज के समय में ऐसे सांस्कृतिक आयोजन नई पीढ़ी को अपने महापुरुषों के आदर्शों से परिचित कराने और पारिवारिक संस्कारों को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। मुख्य अतिथि एवं फरीदाबाद के पूर्व विधायक चंदर भाटिया ने कहा कि भगवान श्रीराम और भरत का मिलन भाईचारे, निस्वार्थ प्रेम और त्याग की अनुपम मिसाल है। भरत जी ने सत्ता के बजाय अपने बड़े भाई के प्रति सम्मान और समर्पण को प्राथमिकता देकर आदर्श भाई का उदाहरण प्रस्तुत किया। उन्होंने कहा कि हमें इन आदर्शों को केवल धार्मिक आयोजनों तक सीमित न रखकर अपने दैनिक जीवन में भी अपनाना चाहिए। उन्होंने इस परंपरा को जीवंत रखने के लिए आयोजक संस्थाओं की सराहना की। समारोह के दौरान भक्तिमय वातावरण रहा। अंत में आयोजक संस्थाओं की ओर से मुख्य अतिथि, सभी गणमान्य व्यक्तियों, श्रद्धालुओं एवं कार्यक्रम को सफल बनाने में सहयोग देने वाले कार्यकर्ताओं का आभार व्यक्त किया गया।

सीनियर सिटीजंस की सामाजिक सुरक्षा के लिए पेंशन पाने को मौलिक अधिकार का दर्जा देने की उठी जोरदार मांग
लोक सेवा मंच ने सीनियर सिटीजंस की ज्वलंत मांगों को लेकर सीएम-पीएम को लिखे स्मरण पत्र
डेडीकेटेड सीनियर सिटीजंस रेजिडेंशियल सेक्टर,फ्री ओल्डएज होम, सीनियर सिटीजन हेल्पलाइन,संपूर्ण निःशुल्क मेडिकल सुरक्षा, यात्री किरायों में 70 फीसदी छूट, कार्यालयों- न्यायालयों में सीनियर सिटीजन प्रोटोकॉल तुरंत लागू करने सहित सीनियर सिटीजंस को पेंशन पाने का मौलिक अधिकार देने आदि ज्वलंत मांगो को लेकर मंच की ओर से जनहित में लगातार बुलंद की जा रही आवाज
सीनियर सिटीजंस को गौरवमय जीवन जीने के हक मिलने तक जारी रहेगा अभियान : अशोक प्रधान

रेवाड़ी, 21 अक्तूबर, अभीतक: जनहित में सक्रिय राष्ट्रीय सामाजिक संगठन लोक सेवा मंच ने मेगा मिशन जनसंपर्क अभियान के तहत लोगों से प्राप्त सुझावों को शामिल करते हुए सीनियर सिटीजंस के ज्वलंत मुद्दों को लेकर सीएम-पीएम को स्मरण पत्र लिखे हैं। पत्र में राष्ट्रीय प्रगतिशील विचारक एवं सामाजिक कार्यकर्ता अशोक प्रधान लोक सेवा मंच ने सीनियर सिटीजंस के जायज हकों को लेकर लगातार बुलंद की जा रही जनकल्याणकारी मांगों पर देश-प्रदेश की सरकारों से जल्द विचार करने का अनुरोध किया। इस सिलसिले में अशोक प्रधान लोक सेवा मंच सहित कोर कमेटी के सदस्य महेश कौशिक, बीके राम सिंह, राजेंद्र प्रसाद अग्रवाल, रंजीत मित्तल,डॉ. सुरेश कुमार, प्रकाश चंद क्षत्रिय, नंदलाल यादव, जगमोहन यदुवंशी, राजीव यादव, विजय सिंह, मदन लाल शर्मा तथा मंच के राष्ट्रीय संगठन सचिव अभिषेक कुमार आदि ने बड़ी संख्या में लोगों,वरिष्ठ नागरिकों से मिलकर कुशलक्षेम पूछा और खुलकर रायशुमारी की। रायशुमारी के दौरान लोगों ने कहा कि अनेक वृद्धजनों को पेंशन नहीं मिल रही है। बुढ़ापे में सभी सीनियर सिटीजंस को श्आर्थिक सुरक्षा कवचश् के तौर पर न्यूनतम एक पेंशन पाने का मौलिक अधिकार प्रदान किया जाना व्यापक जनहित में अत्यन्त लाजमी है। सामाजिक कार्यकर्ता अशोक प्रधान लोक सेवा मंच ने कहा कि जीवन जीने के अधिकार के तहत संसद एवं विधानसभाओं में सीनियर सिटीजन फंडामेंटल सोशल सिक्योरिटी पेंशन एक्ट तुरंत पास करके प्रत्येक सीनियर सिटीजन को न्यूनतम एक पेंशन पाने की गारंटी तत्काल प्रदान की जानी चाहिए। उन्होंने सरकार से अनुरोध किया कि जिन सीनियर सिटीजंस को कोई भी पेंशन नहीं मिल रही है, उन्हें तुरंत प्रभाव से पेंशन दी जानी शुरू करनी चाहिए। लोगों ने कहा कि लोक सेवा मंच की ओर से सीनियर सिटीजंस के हित में उठाईं जा रही मांगों का वे भरपूर समर्थन करते हैं। उन्होंने कहा कि प्रत्येक जिले में डेडिकेटिड सीनियर सिटीजन रेजिडेंशियल सेक्टर, फ्री ओल्डएज होम,इमरजेंसी में सहायता एवं देखरेख के लिए सीनियर सिटीजन हेल्पलाइन, संपूर्ण निःशुल्क मेडिकल सुरक्षा तथा ट्रेन -बस व हवाई यात्रा किरायों में 70 फीसदी की छूट, कार्यालयों- न्यायालयों में सीनियर सिटीजन प्रोटोकॉल तत्काल लागू करने,पेंशन पाने का मौलिक अधिकार देने आदि की मांगें सरकार को तुरंत स्वीकार करनी चाहिएं। सामाजिक कार्यकर्ता अशोक प्रधान लोक सेवा मंच ने कहा कि सीनियर सिटीजंस के सामाजिक हालात दिन- प्रतिदिन बिगड़ रहे हैं। उनकी ज्वलंत समस्याओं की ओर देश -प्रदेश की सरकारों का ध्यान आकर्षित करने के लिए मंच पिछले करीब 10 माह से लगातार जनहित में मेगा जनसंपर्क अभियान चला रहा है, जिसको लोगों का जोरदार समर्थन मिल रहा है। अभियान से लोगों,खासकर सीनियर सिटीजंस में उम्मीदों की नई आस जगी है। दयाराम यादव, नवीन रोहिल्ला, ओमप्रकाश पंडित,राकेश कुमार, सत्यवीर सिंह, सोहनलाल, ओपी सिंह, अश्वनी गिरी महाराज, जगदेव सिंह, कृष्ण कुमार, भगवत प्रसाद मीणा आदि लोगों ने कहा कि सीएम-पीएम को सीनियर सिटीजंस की ज्वलंत समस्याओं का तत्काल संज्ञान लेना चाहिए।

भारत की राष्ट्रपति ने 65वीं राष्ट्रीय कला प्रदर्शनी के चयनित कलाकारों को ललित कला अकादमी पुरस्कार प्रदान किए
युवा और उभरते कलाकारों को अपनी प्रतिभा को विकसित करने, नए माध्यमों को अपनाने और अपनी सृजनशीलता का विस्तार करने के लिए पर्याप्त अवसर दिए जाने चाहिए : राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु

नई दिल्ली, 21 अक्तूबर, अभीतक: भारत की राष्ट्रपति, श्रीमती द्रौपदी मुर्मु ने आज, 21 अक्तूबर 2026 को नई दिल्ली में 65वीं राष्ट्रीय कला प्रदर्शनी के चयनित कलाकारों को ललित कला अकादमी पुरस्कार प्रदान किए। उन्होंने तृतीय प्रिंट द्विवार्षिकी भारत, 2026 के ग्रैंड प्राइज विजेताओं और सम्माननीय उल्लेख प्राप्त कलाकारों को भी सम्मानित किया। इस अवसर पर अपने संबोधन में राष्ट्रपति ने कहा कि यह पुरस्कार समारोह भारत की कलात्मक विरासत, सांस्कृतिक विविधता और समकालीन सृजनशीलता का उत्सव है। इस आयोजन के माध्यम से हम भारत की विविध कलाओं की समृद्ध परंपरा, सृजनात्मक ऊर्जा और निरंतर विकसित होती कलात्मक अभिव्यक्तियों का उत्सव मना रहे हैं। राष्ट्रपति ने कहा कि कला केवल कैनवास पर उकेरी गई आकृतियों, पत्थर में तराशी गई मूर्तियों अथवा विभिन्न माध्यमों से निर्मित कलाकृतियों तक सीमित नहीं है। कला हमारी संस्कृति का दर्पण है। इसके माध्यम से हमारी अतीत की स्मृतियां, वर्तमान के अनुभव और भविष्य की आकांक्षाएं झलकती हैं। कला हमें अपने समय और समाज को नए दृष्टिकोण से देखने और समझने का अनुभव कराती है। उन्होंने दूर-दराज के क्षेत्रों में पारंपरिक कलाकारों को नई तकनीकों और समकालीन कला शैलियों का प्रशिक्षण देने की आवश्यकता पर बल दिया, जिससे वे व्यापक मंचों पर प्रतियोगिताओं में हिस्सा ले सकें और अपने कौशल का प्रदर्शन कर सकें। राष्ट्रपति ने कहा कि समकालीन विश्व में कलाकारों को रचनात्मक अवसर प्रदान किए जाने के साथ-साथ उन्हें आर्थिक सहयोग देने और उनकी कलाकृतियों को व्यापक बाजार तक पहुंचाने के लिए कला-संग्राहकों से जोड़ने के अवसर भी दिए जाने जरूरी हैं। उन्होंने इस बात पर प्रसन्नता व्यक्त की कि ललित कला अकादमी और संस्कृति मंत्रालय कलाकृतियों की बिक्री को प्रोत्साहित करने के लिए प्रयास कर रहे हैं। राष्ट्रपति ने कहा कि कला केवल कला दीर्घाओं तक सीमित न रहे। इसे विद्यालयों, विश्वविद्यालयों, सार्वजनिक स्थलों और समाज के व्यापक वर्गों तक पहुंचाया जाना चाहिए। उन्होंने सभी हितधारकों से आग्रह किया कि वे युवा और उभरते कलाकारों को अपनी प्रतिभा को विकसित करने, नए माध्यमों को अपनाने और अपनी सृजनशीलता का विस्तार करने के लिए पर्याप्त अवसर प्रदान करें।

प्रधानमंत्री ने पुलिस स्मृति दिवस पर बहादुर पुलिसकर्मियों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की
नई दिल्ली, 21 अक्तूबर, अभीतक: प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने आज पुलिस स्मृति दिवस के अवसर पर सभी पुलिस कर्मियों के प्रति अपनी गहरी कृतज्ञता व्यक्त करते हुए कानून व्यवस्था बनाए रखने, अपराध से निपटने, आपात स्थितियों पर प्रतिक्रिया देने और सबसे चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में उनके अमूल्य योगदान की सराहना की। कर्तव्य के मार्ग में प्राणों की आहुति देने वाले बहादुर पुलिसकर्मियों को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए श्री मोदी ने कहा कि उनका साहस, अटूट समर्पण और सर्वोच्च बलिदान राष्ट्र की स्मृति में सदा अंकित रहेगा।
प्रधानमंत्री ने एक्स पर एक पोस्ट में लिखा
पुलिस स्मृति दिवस हमारे पुलिसकर्मियों के प्रति हमारी गहरी कृतज्ञता व्यक्त करने का अवसर है, जो अक्सर सबसे चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में भी उल्लेखनीय प्रतिबद्धता के साथ सेवा करते हैं। कानून व्यवस्था बनाए रखने से लेकर अपराध से लड़ने, आपात स्थितियों का जवाब देने और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने तक, उनका योगदान अमूल्य है। हम कर्तव्य के मार्ग में प्राणों की आहुति देने वाले वीर पुलिसकर्मियों को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं। उनका साहस, अटूट समर्पण और सर्वोच्च बलिदान हमारे राष्ट्र की स्मृति में सदा अंकित रहेगा।

रक्षा मंत्रालय ने भारतीय सेना के लिए उन्नत कम ऊंचाई वाले हल्के वजन के रडारों की खरीद हेतु 770 करोड़ रुपये के अनुबंध पर हस्ताक्षर किए
नई दिल्ली, 21 अक्तूबर, अभीतक: रक्षा मंत्रालय ने 21 अक्टूबर, 2026 को नई दिल्ली में रक्षा सचिव श्री राजेश कुमार सिंह की उपस्थिति में लगभग 770 करोड़ रुपये की लागत वाले ‘उन्नत कम ऊंचाई वाले हल्के वजन के रडारों’ (एलएलएलआर-प्) की खरीद के लिए मेसर्स भारत इलेक्ट्रॉनिक लिमिटेड (बीईएल) के साथ एक अनुबंध पर हस्ताक्षर किए हैं। एलएलएलआर (प्) प्रणाली में लड़ाकू विमानों के आकार के लक्ष्यों तथा छोटेध्सूक्ष्म ड्रोन का पता लगाने और उनकी निगरानी करने की क्षमता है। इसमें हवाई लक्ष्यों को प्राथमिकता देने की अतिरिक्त क्षमता भी है। इससे भारतीय सेना को मानवरहित हवाई प्रणालियों (यूएएस) से उत्पन्न खतरे का प्रभावी ढ़ंग से मुकाबला करने में सहायता मिलेगी। वर्ष 2047 तक विकसित भारत के सरकार के विजन के अनुरूप यह खरीद वायु रक्षा प्रणालियों के स्वदेशीकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इससे भारत के रक्षा विनिर्माण इकोसिस्टम को प्रोत्साहन मिलेगा, जिसमें सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम भी शामिल हैं। साथ ही, इससे एक सुदृढ़, आत्मनिर्भर और वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी रक्षा उद्योग के निर्माण में सहायता मिलेगी।

भारत और न्यूजीलैंड ने भारत-न्यूजीलैंड मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) के तहत द्विपक्षीय व्यापार को सुगम बनाने के लिए इलेक्ट्रॉनिक मूल-स्थान डेटा के आदान प्रदान पर सहयोग ज्ञापन (एमओसी) पर हस्ताक्षर किए
भारत-न्यूजीलैंड एमओसी से सीमा शुल्क संबंधी सहयोग और मजबूत होगा तथा व्यापार सुगमता के उपायों के प्रभावी कार्यानवयन में सहायता मिलेगी

नई दिल्ली, 21 अक्तूबर, अभीतक: भारत के केंद्रीय अप्रत्क्ष कर और सीमा शुल्क बोर्ड (सीबीआईसी) तथा न्यूजीलैंड सीमा शुल्क सेवा (एनजेडसीएस) ने वस्तुएं के व्यापार से संबंधित मूल-स्थान डेटा के इलेक्ट्रॉनिक आदान-प्रदान के संबंध में एक सहयोग ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए। यह सहयोग ज्ञापन दोनों देशों के बीच सीमा शुल्क संबंधी सहयोग को सुदृढ़ करने और द्वीपक्षीय व्यापार को सुगम बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। इस ज्ञापन पर भारत-न्यूजीलैंड मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) के अंतर्गत हस्ताक्षर किए गए। यह समझौता 20 अक्टूबर, 2026 से लागू हुआ है। इस सहयोग ज्ञापन पर 19 अक्टूबर 2026 को सीबीआईसी के अध्यक्ष श्री विवेक चतुर्वेदी और न्यूजीलैंड सीमा शुल्क सेवा की नियंत्रक एवं मुख्य कार्यकारी सुश्री क्रिस्टीन स्टीवेंसन ने हस्ताक्षर किए। यह सहयोग ज्ञापन अधिक कुशल, सुरक्षित और पूर्वानुमेय सीमा-पार व्यापार के लिए डिजिटलीकरण तथा सूचना के बेहतर आदान-प्रदान का लाभ उठाने की भारत और न्यूजीलैंड की साझा प्रतिबद्धता को दर्शाता है। वस्तुएं के व्यापार से संबंधित मूल-स्थान डेटा के अग्रिम इलेक्ट्रॉनिक आदान-प्रदान को सक्षम बनाकर यह व्यवस्था सीमा शुल्क संबंधी सहयोग को और मजबूत करेगी तथा व्यापार सुगमता के उपायों के प्रभावी कार्यान्वयन में सहायता प्रदान करेगी। यह पहल डिजिटलीकरण, सूचना के आदान-प्रदान और व्यापार सुगमता के क्षेत्र में विकसित हो रही अंतरराष्ट्रीय प्रथाओं (तरीकों) के अनुरूप द्विपक्षीय सीमा-शुल्क सहयोग को ढ़ालने के प्रति दूरदर्शी दृष्टिकोण को भी दर्शाती है। मूल-स्थान डेटा के इलेक्ट्रॉनिक आदान-प्रदान से परिचालन दक्षता में सुधार होने, सूचना संबंधी कमियों में कमी आने तथा द्विपक्षीय व्यापार में संलग्न व्यापारियों को अधिक निश्चितता मिलने की अपेक्षा है। यह व्यवस्था महत्वपूर्ण रूप से भारत-न्यूजीलैंड मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) के तहत उपलब्ध व्यापार संबंधी तरजीही सुविधाओं का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित करने में सहायता करेगी। साथ ही, इससे यह सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी कि समझौते के तहत तय किए गए लाभ दोनों देशों के पात्र कारोबारी प्रतिष्ठानों तक अधिक कुशलता और निश्चितता के साथ पहुंचें। केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह ने आज पुलिस स्मृति दिवस के अवसर पर राष्ट्रीय पुलिस स्मारक पर शहीद पुलिसकर्मियों को श्रद्धांजलि अर्पित की और समारोह को संबोधित किया

गृह मंत्री ने Fight Against Drugs के संदेश पर आयोजित देशव्यापी मोटरसाइकिल रैली को झंडा दिखाकर रवाना किया
देश आज विश्व में एक सम्मानजनक स्थान पर खड़ा है, इसकी नींव में हमारे वीर जवानों का त्याग और बलिदान है
प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में तैयार किए गए ‘नशा मुक्त भारत’ के रोडमैप को जमीन पर उतारने के लिए मनोयोग से जुड़ें देश के सभी पुलिस बल
नशे के खिलाफ संयुक्त लड़ाई लड़कर 31 दिसंबर 2029 तक देश को नशे के साये से मुक्ति दिलाएँगे
वर्ष 2026 भारतीय पुलिस के लिए एक अत्यंत महत्वपूर्ण वर्ष – 31 मार्च 2026 को हमने नक्सलवाद से मुक्ति प्राप्त की
देश भर के नागरिकों के लिए श्रद्धा स्थल बना राष्ट्रीय पुलिस स्मारक
आंतरिक सुरक्षा की प्रथम और अंतिम पंक्ति पुलिस के जवान ही हैंय चुनाव हो, त्योहार हो या सीमा की सुरक्षा, ब्।च्थ् के जवान हर मोर्चे पर मुस्तैद रहते हैं
देश के लोकतंत्र की रक्षा हो या लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं को सुचारु रूप से संचालित करना हो, हम ब्।च्थ्े के बिना इसकी कल्पना नहीं कर सकते
सरकार की सभी सेवाओं में पुलिस की सेवा सबसे कठिन है, पुलिस कर्मियों के लिए कोई त्योहार नहीं होता, वे उस दिन भी मौके पर डटे रहते हैं
बीते बंगाल चुनाव एक भी मृत्यु के बिना संपन्न हुए, ब्।च्थ् के कारण आज देश चुनावी हिंसा से मुक्त हो गया है
दशकों से आंतरिक सुरक्षा के 3 हॉटस्पॉट थे – कश्मीर, उत्तर-पूर्व और वाम उग्रवाद, आज तीनों में शांति है और तीनों विकास की राह पर हैं

नई दिल्ली, 21 अक्तूबर, अभीतक: केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह ने आज पुलिस स्मृति दिवस के अवसर पर नई दिल्ली स्थित राष्ट्रीय पुलिस स्मारक पर शहीद पुलिसकर्मियों को श्रद्धांजलि अर्पित की। इस अवसर पर गृह मंत्री ने ‘थ्पहीज ।हंपदेज क्तनहे’ के संदेश पर आयोजित एक देशव्यापी मोटरसाइकिल रैली को झंडी दिखाकर रवाना किया। पुलिस स्मृति दिवस कार्यक्रम में संसद सदस्य श्री कृष्ण प्रसाद टेनेटी, श्री राजीव कुमार, केन्द्रीय गृह सचिव श्री गोविंद मोहन, आसूचना ब्यूरो के निदेशक श्री महेश दीक्षित, भारत-तिब्बत सीमा पुलिस के महानिदेशक श्री शत्रुजीत कपूर सहित अन्य केन्द्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (ब्।च्थ्े) के महानिदेशक और कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए केन्द्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह ने कहा कि आज राष्ट्रीय पुलिस स्मारक पर हम उन वीर पुलिसकर्मियों को नमन करने के लिए एकत्रित हुए हैं, जिन्होंने स्वतंत्रता से लेकर आज तक राष्ट्र की सेवा में अपना सर्वोच्च बलिदान दिया है। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता के बाद करीब आठ दशकों में देश आज विश्व में एक सम्मानजनक स्थान पर खड़ा है। इसकी नींव में हमारे वीर जवानों का बलिदान है। कोई कल्पना भी नहीं कर सकता कि यदि इन जवानों ने आंतरिक सुरक्षा और देश की सीमाओं की रक्षा के लिए अपना सर्वोच्च बलिदान न दिया होता, तो आज हम कहाँ खड़े होते। गृह मंत्री ने कहा कि वर्ष 2026 भारतीय पुलिस के लिए एक अत्यंत महत्वपूर्ण वर्ष है। 31 मार्च 2026 को हमने दशकों से देश को पीड़ित कर रहे नक्सलवाद से मुक्ति प्राप्त की। नक्सलवाद के कारण 1981 से मार्च 2026 तक देश ने अनेक दंश झेले हैं। इस अवधि में कितने ही निर्दोष जवान और नागरिक शहीद हुए। इस समयावधि में 3600 से अधिक जवान शहीद हुए और देश के लगभग 13,700 निर्दोष नागरिक भी अपनी जान गँवा बैठे। गृह मंत्री ने कहा कि वे शहीद जवानों के परिजनों को बताना चाहते हैं कि पाँच दशक पुरानी इस समस्या से निजात पाकर यदि देश आज विकास के मार्ग पर आगे बढ़ रहा है, तो इसकी नींव में इन 3600 जवानों का बलिदान है। गृह मंत्री ने शहीदों के परिजनों से कहा कि हम आपकी क्षति की पूर्ति नहीं कर सकते, परंतु 140 करोड़ नागरिकों वाला पूरा देश आपके परिवार के समर्पण के प्रति कृतज्ञ है। श्री अमित शाह ने पुलिस स्मृति दिवस के इतिहास का जिक्र करते हुए कहा कि 21 अक्टूबर 1959 को लद्दाख के दुर्गम हॉट स्प्रिंग्स क्षेत्र में केन्द्रीय रिजर्व पुलिस बल (ब्त्च्थ्) के 10 जवानों ने चीन की सेना के हमले का डटकर मुकाबला करते हुए अपने प्राणों की आहुति दी। जब हम हॉट स्प्रिंग्स की उस घटना का अध्ययन करते हैं, तो यह स्पष्ट होता है कि जब संघर्ष का निर्णय ऊँची पहाड़ियों पर लिया गया होगा, तब परिणाम लगभग तय था। फिर भी उन अमर सपूतों ने देश की एक इंच भूमि भी किसी विदेशी के हाथ में न जाए, इस संकल्प को मृत्यु पर्यन्त निभाते हुए अपना अमर बलिदान दिया। तभी से 21 अक्टूबर का यह दिन प्रतिवर्ष पुलिस स्मृति दिवस के रूप में मनाया जाता है। केन्द्रीय गृह मंत्री ने कहा कि आज हम जिस स्थान पर खड़े हैं, वर्ष 2018 में प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी ने देशभर के शहीद पुलिस जवानों को समर्पित इस राष्ट्रीय पुलिस स्मारक का उद्घाटन किया था। इसके पीछे मंशा यही है कि आने वाली पुलिस की पीढ़ियाँ यहाँ से प्रेरणा लेकर अपने दायित्व के प्रति सजग रहें और ड्यूटी निभाते हुए सर्वोच्च बलिदान देने के लिए भी तैयार रहें। उन्होंने कहा कि यह स्थान देशभर के नागरिकों के लिए भी एक श्रद्धा स्थल बन गया है। कृतज्ञ नागरिक यहाँ आकर अपने मन के भाव के साथ 36,852 पुलिस कर्मियों को श्रद्धांजलि देते हैं और राष्ट्र की ओर से उनके प्रति कृतज्ञता व्यक्त करते हैं। श्री अमित शाह ने कहा कि सरकार की सभी प्रकार की सेवाओं में यदि कोई सबसे कठिन सेवा है, तो वह पुलिस की सेवा है। देश के हर नागरिक के लिए रक्षाबंधन, होली, दीपावली और ईद जैसे त्योहार होते हैं, परंतु पुलिस कर्मियों के लिए कोई त्योहार नहीं होता। उन्होंने कहा कि जब हम अपने परिवार के साथ त्योहार मनाते हैं, उस दिन हमारे ये जवान मौके पर खड़े रहकर आंतरिक सुरक्षा, यातायात और लोगों की सुरक्षा की चिंता करते हैं। गृह मंत्री ने कहा कि अपने जीवन के स्वर्ण काल को परिवार से दूर रहकर राष्ट्र को समर्पित करना बहुत बड़ी सेवा है। केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री ने कहा कि देशभर में ऐसे अनेक उदाहरण हैं, जहाँ पुलिस के जवानों ने अभूतपूर्व धैर्य, संयम, अनुशासन, वीरता और समर्पण का भाव दिखाते हुए देश की आंतरिक सुरक्षा को मजबूत किया है। उन्होंने कहा कि आंतरिक सुरक्षा की प्रथम और अंतिम पंक्ति दोनों पुलिस का जवान ही होता है। गृह मंत्री ने सीमा पर तैनात और देश के अंदर सुरक्षा का दायित्व निभा रहे सभी केन्द्रीय शस्त्र पुलिस बलों के जवानों का विशेष धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि पुलिस बलों के जवान अपने घर से दूर रहकर चाहे चुनाव हो, त्योहार, प्रदर्शन, या सीमा की सुरक्षा करनी हो, हर मौके पर मुस्तैदी के साथ देश की आंतरिक सुरक्षा को मजबूत बनाने के साथ साथ देश के सुचारु रूप से चलने के लिए सदैव अपनी ड्यूटी पर तैनात रहते हैं। श्री शाह ने कहा कि देश के लोकतंत्र की रक्षा हो या लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं को सुचारु रूप से संचालित करना, हम केन्द्रीय सशस्त्र पुलिस बलों के बिना इसकी कल्पना भी नहीं कर सकते। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश और बिहार से तो चुनावी हिंसा को समाप्त करने में देश सफल रहा था, परंतु बंगाल में चुनावी हिंसा लंबे समय से चलती रही। उन्होंने कहा कि बंगाल विधानसभा के हाल में संपन्न चुनाव में एक भी व्यक्ति की मृत्यु के बिना चुनाव पूरा कराने में हमारे सुरक्षा जवानों को बड़ी सफलता मिली और ऐसा करके केन्द्रीय सुरक्षा बलों ने एक नया मानक स्थापित किया। उन्होंने कहा कि आज पूरा देश मानता है कि देश चुनावी हिंसा से मुक्त हो गया है। गृह मंत्री ने कहा कि बीते कुछ वर्षों में देश में कई समस्याएँ थीं, जिनमें तीन प्रमुख समस्याओं को हम दशकों से झेल रहे थे। उन्होंने कहा कि कश्मीर, उत्तर-पूर्व और लाल आतंक का पूरा क्षेत्र – इन तीनों ीवजेचवज में आज शांति है, विकास का वातावरण बना है और ये सभी क्षेत्र देश के साथ विकास की स्पर्धा में भागीदारी करने के लिए तैयार हैं। श्री शाह ने कहा कि कश्मीर में आतंकवाद पर नकेल कसने में हम लगभग सफल हुए हैं। कई समझौतों के बाद हजारों लोगों के हथियार डालने के पश्चात पूरा पूर्वोत्तर आज शांति के मार्ग पर आगे बढ़ गया है। अनेक राज्यों में फैली पाँच दशक पुरानी नक्सल समस्या को पूर्ण रूप से समाप्त करने में हमारे पुलिस और सीएपीएफ के जवानों को बहुत बड़ी सफलता मिली है। गृह मंत्री ने नक्सलवाद की समाप्ति के लिए विशेष रूप से सीआरपीएफ और कोबरा बटालियन तथा छत्तीसगढ़ पुलिस की बहादुरी की तारीफ की। श्री अमित शाह ने कहा कि देश समस्याओं से पूर्णतः मुक्त नहीं हुआ है। हमारे सामने अभी भी कई समस्याएँ हैं। उन्होंने कहा कि केन्द्रीय गृह मंत्रालय ने तय किया है कि वर्ष 2026 के शेष भाग तथा 2027, 2028 और 2029 – इन साढ़े तीन वर्षों में हम ड्रग्स के खिलाफ एक संयुक्त लड़ाई लड़कर 31 दिसंबर 2029 तक देश को ड्रग की समस्या से मुक्ति दिलाएंगे। यह हमारे लिए बहुत महत्वपूर्ण लक्ष्य है। उन्होंने कहा कि ड्रग्स की समस्या हमारी आने वाली पीढ़ियों को खोखला करती है, हमारे अर्थतंत्र पर अनावश्यक बोझ डालती है और देश विरोधी प्रवृत्तियाँ रखने वाले संगठनों को आर्थिक समर्थन भी प्रायः ड्रग तस्करी से ही मिलता है। गृह मंत्री ने देशभर के पुलिस बलों का आह्वान किया कि वे प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में तैयार किए गए ‘नशा मुक्त भारत’ के रोडमैप को जमीन पर उतारने के लिए पूरे मनोयोग से जुड़ें और आने वाली पीढ़ियों को सुरक्षित करें। गृह मंत्री द्वारा आज रवाना की गई मोटरसाइकिल रैली में राज्यों, केंद्रशासित प्रदेशों (जम्मू व कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखण्ड, उत्तर प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़ व दिल्ली), केंद्रीय सशस्त्र बलों (ब्त्च्थ्ए ब्प्ैथ्ए ठैथ्ए ैैठए प्ज्ठच् – छैळ) और कुछ केंद्रीय पुलिस संगठनों (त्च्थ्, छक्त्थ् व छप्।) के लगभग 90 सवार शामिल हैं। यह रैली ‘थ्पहीज ।हंपदेज क्तनहे’ के संदेश पर आयोजित एक देशव्यापी रैली का भाग है जिसमें देशभर के सभी राज्यों, केंद्रशासित प्रदेशों व केंद्रीय बलों के मोटरसाइकिल सवार एकता नगर, गुजरात पहुँच कर एकता परेड-2026 में सम्मिलित होंगे।

गरीब की चिंता, किसान का सम्मान, युवाओं को अवसर, महिलाओं की सुरक्षा और बुजुर्गों को सहारा देकर प्रदेश में रामराज्य स्थापित कर रही सरकार: नायब सिंह सैनी’
मुख्यमंत्री ने लाडवा में विजय दशमी समारोह में दिया सत्य, धर्म और न्याय के मार्ग पर चलने का संदेश’
मुख्यमंत्री ने जय भारत कला मंच लाडवा को 11 लाख रुपए की राशि देने की घोषणा की
चंडीगढ़, 21 अक्तूबर, अभीतक: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि वर्तमान समय में सरकार में रामराज्य की भावना का अर्थ है कि गरीब की चिंता, किसान को सम्मान मिले, युवाओं को अवसर मुहैया करवाना है। महिलाएं सुरक्षित हो और सशक्त बने तथा बुजुर्गों को सहारा मिले, इस नीति से समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाया जा रहा है। प्रत्येक नागरिक को समान अवसर और सम्मान देकर रामराज्य की भावना के अनुरूप काम किया जा रहा है। हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने मंगलवार को लाडवा में जय भारत कला मंच लाडवा द्वारा आयोजित विजय दशमी समारोह में शिरकत की। मुख्यमंत्री ने भगवान श्रीराम की आरती की और प्रदेशवासियों की खुशहाली और समृद्धि की प्रार्थना की। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने जय भारत कला मंच लाडवा को 11 लाख रुपए की राशि देने की घोषणा की और शोभायात्रा को झंडी दिखाकर रवाना किया। उन्होंने प्रदेशवासियों को विजय दशमी की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संकल्प विकसित भारत का निर्माण करना है। सरकार भी प्रदेश को तेज गति के साथ आगे बढ़ाते हुए विकसित हरियाणा के संकल्प के साथ आगे बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि विजय दशमी बुराई पर अच्छाई, अन्याय पर न्याय और असत्य पर सत्य की विजय का प्रतीक है। यह पर्व हमें विश्वास दिलाता है कि सत्य की राह कठिन हो सकती है, लेकिन अंत में विजय सदैव सत्य, धर्म और न्याय की ही होती है। उन्होंने कहा कि विजय दशमी भारत की सनातन चेतना का उत्सव है। यह भक्ति और शक्ति के समन्वय का पर्व है। भगवान श्रीराम ने रावण का अंत करके समाज को अन्याय और भय से मुक्त कराया, वहीं मां दुर्गा ने महिषासुर का संहार कर धर्म की स्थापना की। इन प्रसंगों से हमें सीख मिलती है कि शक्ति का उद्देश्य अहंकार नहीं, बल्कि कमजोर की रक्षा करना और अन्याय का अंत करना है। उन्होंने कहा कि भगवान श्रीराम को मर्यादा पुरुषोत्तम इसलिए कहा जाता है, क्योंकि उन्होंने जीवन के प्रत्येक संबंध की मर्यादा निभाई है। रावण पर उनकी विजय केवल धनुष-बाण की विजय नहीं, बल्कि सत्य, संयम, सेवा, दया, करुणा और सदाचार की विजय रही। भगवान श्रीराम ने निषादराज, माता शबरी, केवट, वनवासी समाज और वानर सेना सहित समाज के प्रत्येक वर्ग को साथ लेकर समरसता का संदेश दिया। यही रामराज्य की आत्मा है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि विजय दशमी पर रावण, मेघनाद और कुंभकर्ण के पुतलों का दहन करते समय हमें अपने भीतर की बुराइयों को समाप्त करने का संकल्प भी लेना चाहिए। केवल पुतले जलाने से हमारा दायित्व पूरा नहीं होता। यह पर्व तभी सार्थक होगा, जब हम अपने भीतर के अहंकार, क्रोध, लोभ, ईर्ष्या छल, कपट और स्वार्थ को दूर करने का प्रयास करेंगे। उन्होंने जय भारत कला मंच लाडवा के पदाधिकारियों, कलाकारों, आयोजन से जुड़े कार्यकर्ताओं और सभी सहयोगियों की सराहना करते हुए कहा कि वे नई पीढ़ी को भारतीय संस्कृति, संस्कार और आदर्शों से जोडने का महत्वपूर्ण कार्य कर रहे हैं। उन्होंने प्रदेशवासियों से आह्वान किया कि वे सत्य, सेवा, सदाचार और राष्ट्रभक्ति की भावना को अपने जीवन में अपनाएं तथा ऐसा समाज बनाने में योगदान दें, जहां शक्ति के साथ करुणा, समृद्धि के साथ संवेदना और अधिकारों के साथ कर्तव्यों का भी महत्व हो। इस मौके पर उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा, पुलिस अधीक्षक चंद्र मोहन, चेयरमैन गुरनाम सैनी, नगर पालिका लाडवा की चेयरपर्सन साक्षी खुराना, मार्किट कमेटी चेयरमैन डॉ. गणेश दत्त, जय भारत कला मंच लाडवा के प्रधान अश्विनी शर्मा सहित पार्षद गण, सामाजिक संस्थाओं के प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।

समानांतर बिजली लाइसेंस के खिलाफ एपीटीईएल में अपील करेगा बिजली विभाग: अनिल विज
ऊर्जा मंत्री ने कहा, गुरुग्राम और नूंह में बिजली वितरण के निजीकरण का किया था मजबूती से विरोध, अब न्यायाधिकरण में रखेंगे पक्ष
नई पार्टियों को लोग बुराई का प्रतीक मान रहे, इसलिए रावण की तरह पुतले जला रहे हैं: अनिल विज
आरएसएस के स्थापना दिवस पर स्वयंसेवकों को दी शुभकामनाएं, पंजाब में बढ़ते नशे के लिए मान सरकार को ठहराया जिम्मेदार
चंडीगढ़, 21 अक्तूबर, अभीतक: हरियाणा के ऊर्जा मंत्री श्री अनिल विज ने गुरुग्राम और नूंह में बिजली वितरण के लिए दिए गए लाइसेंस के मामले में स्पष्ट किया कि प्रदेश सरकार बिजली विभाग के माध्यम से इस निर्णय के खिलाफ विद्युत अपीलीय न्यायाधिकरण (एपीटीईएल) में अपील करने की तैयारी कर रही है। उन्होंने कहा कि विभाग को इस संबंध में आवश्यक तैयारी करने के निर्देश दे दिए गए हैं। बिजली वितरण के निजीकरण का पहले भी मजबूती से विरोध किया गया था और अब न्यायाधिकरण के समक्ष विभाग अपना पक्ष रखेगा। श्री अनिल विज मंगलवार को पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे।
नई पार्टियों पर साधा निशाना
दिल्ली में दशहरे के अवसर पर सीजेपी का पुतला जलाए जाने के मामले में प्रतिक्रिया देते हुए ऊर्जा मंत्री ने कहा कि विजयदशमी का पर्व सच्चाई की बुराई पर जीत का प्रतीक है। रावण को बुराई का प्रतीक मानकर उसका पुतला जलाया जाता है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि नई पार्टियां भी आ गई हैं, लोग इन्हें बुराई का प्रतीक मान रहे होंगे, इसलिए इनके पुतले जला रहे हैं।
आरएसएस के स्थापना दिवस पर स्वयंसेवकों को दी शुभकामनाएं
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के स्थापना दिवस पर ऊर्जा मंत्री श्री अनिल विज ने सभी स्वयंसेवकों को हार्दिक शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ राष्ट्रभक्ति, सेवा, संस्कृति और संस्कारों के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए कार्य करता है। देशभर में करोड़ों स्वयंसेवक इन मूल्यों को बनाए रखने के लिए समर्पित भाव से जुटे हुए हैं।
पंजाब की जनता चुनाव में मान सरकार के अरमानों पर फेरेगी पानी: अनिल विज
पंजाब में बढ़ते नशे के मुद्दे पर ऊर्जा मंत्री ने आम आदमी पार्टी की भगवंत मान सरकार को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने कहा कि पंजाब में नशे की समस्या को लेकर मौजूदा सरकार की जवाबदेही बनती है। उन्होंने विश्वास जताया कि आगामी विधानसभा चुनाव में पंजाब की जनता मान सरकार के सारे अरमानों को मिट्टी में मिला देगी और उसे उसके कामकाज का जवाब देगी।
राहुल गांधी के आरोपों पर भी किया कटाक्ष
गोवा में कांग्रेस नेता राहुल गांधी द्वारा भ्रष्टाचार के आरोप लगाए जाने संबंधी सवाल पर श्री अनिल विज ने कटाक्ष करते हुए कहा कि राहुल गांधी हर चुनाव से पहले विभिन्न राज्यों के बारे में इसी प्रकार की भाषा का इस्तेमाल करते आए हैं। उन्होंने कहा कि देश की जनता उनके आरोपों का जवाब देना जानती है और समय-समय पर देती भी रही है।

महान योद्धा, कुशल प्रशासक और न्यायप्रिय शासक रहे महाराजा शूरसैनी: नायब सिंह सैनी’
मुख्यमंत्री ने महाराजा शूरसैनी जी की भव्य प्रतिमा का किया लोकार्पण’
शहरी स्थानीय निकाय विभाग द्वारा 98 लाख रुपए की लागत से तैयार की गई है महाराजा शूरसैनी जी की प्रतिमा’

चंडीगढ़, 21 अक्तूबर, अभीतक: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि महाराजा शूरसैनी जी एक महान योद्धा, कुशल प्रशासक और न्यायप्रिय शासक रहे। उन्होंने अपने शासनकाल में प्रजा के हित में अनेक कार्य किए और सुशासन की मिसाल पेश की। उनका जीवन हमें सत्य, न्याय, पराक्रम और जनसेवा की प्रेरणा देता है। हमारी सरकार महापुरुषों, संतों की विरासत को संजोने और आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। सरकार प्रदेशभर में महापुरुषों की प्रतिमाएं, स्मारक और भवन बनाए जा रहे हैं। हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने मंगलवार को लाडवा शहर के कुरुक्षेत्र यमुनानगर मार्ग पर स्थापित की गई सैनी समाज के गौरव, चक्रवर्ती सम्राट महाराजा शूरसैनी जी की भव्य प्रतिमा का विधिवत लोकार्पण किया। यह प्रतिमा शहरी स्थानीय निकाय विभाग, हरियाणा द्वारा लगभग 98 लाख रुपए की लागत से तैयार करवाई गई है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि महाराजा शूरसैनी जी की प्रतिमा से लाडवा शहर को एक ऐतिहासिक और सांस्कृतिक धरोहर के रूप में नई पहचान मिली है। प्रतिमा स्थल को आकर्षक लाइटिंग, सौंदर्यीकरण और पार्क के रूप में विकसित किया गया है, जो अब शहर का मुख्य आकर्षण का केंद्र बनेगा। लाडवा में स्थापित की गई महाराजा शूरसैनी जी की यह प्रतिमा युवाओं को उनके आदर्शों पर चलने के लिए प्रेरित करेगी। उन्होंने कहा कि सैनी समाज ने हमेशा देश और प्रदेश के निर्माण में अहम भूमिका निभाई है। समाज के लोग मेहनती, ईमानदार और राष्ट्रभक्त हैं। प्रदेश सरकार सबका साथ, सबका विकास और सबका विश्वास के मंत्र पर काम करते हुए हर वर्ग के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि लाडवा क्षेत्र के विकास में कोई कमी नहीं छोड़ी जाएगी। सरकार द्वारा लाडवा में विकास कार्यों के लिए करोड़ों रुपए की योजनाएं चलाई जा रही हैं। शहर में सड़कों, सफाई व्यवस्था, पेयजल, शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में लगातार सुधार किया जा रहा है। इस प्रतिमा के निर्माण से न केवल शहर की सुंदरता बढ़ी है, बल्कि यहां पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने कहा कि 98 लाख रुपए की लागत से बनी यह प्रतिमा केवल एक मूर्ति नहीं है, बल्कि यह हमारी संस्कृति, हमारे इतिहास और हमारे गौरव का प्रतीक है। उन्होंने नगर पालिका लाडवा और शहरी स्थानीय निकाय विभाग के अधिकारियों को सुंदर और समयबद्ध कार्य के लिए बधाई दी। उन्होंने कहा कि महाराजा शूरसैनी चैक को नगर पालिका द्वारा एक मॉडल चैक के रूप में विकसित किया गया है। यहां सुरक्षा, सौंदर्यीकरण, लाइटिंग और ट्रैफिक व्यवस्था का विशेष ध्यान रखा गया है। इस मौके पर उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा, चेयरमैन गुरनाम सैनी, नगर पालिका लाडवा की चेयरपर्सन साक्षी खुराना, चेयरमैन डॉ. गणेश दत्त सहित पार्षदगण, सामाजिक संस्थाओं के प्रतिनिधि और बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।

हरियाणा के राज्यपाल प्रो. असीम कुमार घोष ने माता मनसा देवी मंदिर में की पूजा-अर्चना’
प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि एवं खुशहाली की कामना कीय हवन-यज्ञ में आहुति अर्पित कर किया कन्या पूजन’

चंडीगढ़, 21 अक्तूबर, अभीतक: हरियाणा के राज्यपाल प्रो. असीम कुमार घोष ने मंगलवार को पंचकूला स्थित ऐतिहासिक श्री माता मनसा देवी मंदिर में विधिवत पूजा-अर्चना कर माता का आशीर्वाद प्राप्त किया। इस अवसर पर उन्होंने प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि, खुशहाली और कल्याण की कामना की। मंदिर पहुंचने पर अतिरिक्त उपायुक्त एवं श्री माता मनसा देवी श्राइन बोर्ड के मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री विवेक आर्य ने राज्यपाल का स्वागत किया। इसके बाद राज्यपाल ने मुख्य मंदिर में माता मनसा देवी की पूजा-अर्चना की और आशीर्वाद प्राप्त किया। तत्पश्चात राज्यपाल मंदिर परिसर स्थित यज्ञशाला पहुंचे, जहां उन्होंने वैदिक मंत्रोच्चारण के बीच आयोजित हवन-यज्ञ में भाग लिया और आहुतियां अर्पित कीं। इस दौरान उन्होंने कन्या पूजन भी किया तथा कन्याओं को भोजन करवाया। इस अवसर पर अतिरिक्त उपायुक्त एवं श्राइन बोर्ड के मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री विवेक आर्य ने राज्यपाल को सम्मान स्वरूप माता मनसा देवी का चित्र भेंट किया। कार्यक्रम में राज्यपाल के ए डी सी स्क्वाड्रान लीडर पी भरत, पुलिस उपायुक्त श्रीमती अदिति सिंह, श्री माता मनसा देवी श्राइन बोर्ड की सचिव श्रीमती शारदा प्रजापति, सहायक योजना अधिकारी श्रीमती पावस शर्मा, बोर्ड के एसडीओ श्री राकेश पाहुजा सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।

23 अक्टूबर से सजेगा सूरजकुंड में दिवाली उत्सव का भव्य रंग, मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी करेंगे तीसरे दिवाली मेले का शुभारंभ
चार दिवसीय मेले में देश की कला, संस्कृति और हस्तशिल्प का अनूठा संगमय 300 स्टॉलों पर मिलेगी दिवाली की विशेष खरीदारी
26 अक्टूबर को केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल की गरिमामयी उपस्थिति में होगा समापन, सूफी गायक कंवर ग्रेवाल की प्रस्तुति रहेगी विशेष आकर्षण
सांस्कृतिक विरासत का संरक्षण, स्थानीय शिल्पकारों को प्रोत्साहन और पर्यटन को बढ़ावा देना सरकार की प्राथमिकता: डॉ. अरविंद शर्मा
दिल्ली-एनसीआर सहित पड़ोसी राज्यों के लोगों से सपरिवार मेले में पहुंचने की अपील

चंडीगढ़, 21 अक्तूबर, अभीतक: हरियाणा की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, लोक परंपराओं और पारंपरिक हस्तशिल्प को नया आयाम देने के लिए फरीदाबाद स्थित सूरजकुंड मेला परिसर एक बार फिर उत्सव के रंगों से सराबोर होने जा रहा है। 23 से 26 अक्टूबर तक आयोजित होने वाले तीसरे सूरजकुंड दिवाली मेले का शुभारंभ मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी करेंगे। इस अवसर पर प्रदेश के विरासत एवं पर्यटन मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा विशेष रूप से उपस्थित रहेंगे, जबकि 26 अक्टूबर को केंद्रीय मंत्री श्री मनोहर लाल समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत करेंगे। चार दिवसीय यह मेला दिवाली की खुशियों, भारतीय कला-संस्कृति, हस्तशिल्प, लोक संगीत, पारंपरिक व्यंजनों और पारिवारिक मनोरंजन का आकर्षक संगम बनेगा। लगभग 300 स्टॉलों के माध्यम से देश के कारीगरों और शिल्पकारों की प्रतिभा को प्रदर्शित करने के साथ लोगों को त्योहार की खरीदारी का विशेष अनुभव मिलेगा। हरियाणा पर्यटन विभाग द्वारा मेले की तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है।
सांस्कृतिक विरासत को सहेजने और पर्यटन को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने का प्रयास
विरासत एवं पर्यटन मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा ने कहा कि सूरजकुंड दिवाली मेला केवल खरीदारी और मनोरंजन का आयोजन नहीं है, बल्कि यह भारत की सांस्कृतिक विविधता, पारंपरिक कलाओं और पीढ़ियों से चली आ रही शिल्प परंपराओं को सम्मान देने का महत्वपूर्ण मंच है। यह आयोजन स्थानीय कारीगरों और शिल्पकारों को अपनी कला प्रदर्शित करने, उत्पादों को सीधे ग्राहकों तक पहुंचाने और नए बाजारों से जुड़ने का अवसर प्रदान करेगा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश की सांस्कृतिक विरासत को वैश्विक पहचान दिलाने के प्रयासों को मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में हरियाणा सरकार आगे बढ़ा रही है। प्रदेश सरकार ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण, लोक संस्कृति के संवर्धन और पर्यटन गतिविधियों के विस्तार के लिए प्रतिबद्ध है। सूरजकुंड जैसे आयोजन इसी सोच को धरातल पर उतारने के साथ हरियाणा की सांस्कृतिक पहचान को और सशक्त बनाते हैं। डॉ. शर्मा ने कहा कि सूरजकुंड मेला परिसर हरियाणा की कला और शिल्प को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने का महत्वपूर्ण केंद्र रहा है। दिवाली मेले के माध्यम से इस परंपरा को आगे बढ़ाते हुए अधिक से अधिक लोगों को प्रदेश की सांस्कृतिक समृद्धि से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है।
300 स्टॉलों पर दिखेगा भारतीय शिल्पकारों का हुनर
मेले में लगाए जाने वाले लगभग 300 स्टॉलों पर हस्तशिल्प, हथकरघा, पारंपरिक कलाकृतियों, घर की सजावट से संबंधित वस्तुओं और दिवाली के लिए उपयोगी उत्पादों की विविधता देखने को मिलेगी। पर्यटक एक ही स्थान पर विभिन्न क्षेत्रों की पारंपरिक कलाओं और शिल्प उत्पादों को देखने तथा खरीदने का आनंद उठा सकेंगे। डॉ. अरविंद शर्मा ने कहा कि हस्तशिल्प हमारी सांस्कृतिक पहचान का अभिन्न हिस्सा होने के साथ लाखों लोगों की आजीविका से भी जुड़ा है। ऐसे आयोजनों से कारीगरों को अपनी कला के प्रदर्शन और बिक्री का अवसर मिलता है। इससे पारंपरिक हुनर को संरक्षित करने, नई पीढ़ी को उससे जोड़ने और स्थानीय आर्थिक गतिविधियों को गति देने में मदद मिलती है।
कंवर ग्रेवाल की सूफियाना प्रस्तुति से सजेगी सांस्कृतिक संध्या
सूरजकुंड दिवाली मेले में सांस्कृतिक कार्यक्रम विशेष आकर्षण का केंद्र रहेंगे। प्रसिद्ध सूफी एवं लोक गायक कंवर ग्रेवाल की प्रस्तुति मेले की सांस्कृतिक संध्या को यादगार बनाएगी। इसके अलावा लोक कलाकारों और पारंपरिक नृत्य दलों की प्रस्तुतियां भारतीय लोक संस्कृति के विविध रंगों को जीवंत करेंगी। डॉ. शर्मा ने कहा कि लोकगीत, लोकनृत्य और पारंपरिक संगीत हमारी सांस्कृतिक विरासत की आत्मा हैं। इनके माध्यम से हमारी परंपराएं एक पीढ़ी से दूसरी पीढ़ी तक पहुंचती हैं। सूरजकुंड दिवाली मेले में होने वाली सांस्कृतिक प्रस्तुतियां पर्यटकों को मनोरंजन के साथ भारतीय लोक जीवन की विविधता को करीब से अनुभव करने का अवसर देंगी।
फूड कोर्ट में मिलेगा विविध व्यंजनों का स्वाद
मेले में खरीदारी और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ खानपान की भी विशेष व्यवस्था की जाएगी। विशाल फूड कोर्ट में विभिन्न क्षेत्रों के पारंपरिक व्यंजनों के साथ प्रतिष्ठित खाद्य ब्रांडों के लोकप्रिय पकवान उपलब्ध होंगे। इससे परिवारों और पर्यटकों को एक ही परिसर में खरीदारी, संगीत, मनोरंजन और स्वादिष्ट व्यंजनों का आनंद लेने का अवसर मिलेगा। आयोजन को इस तरह तैयार किया जा रहा है कि बच्चे, युवा, बुजुर्ग और परिवार के सभी सदस्य दिवाली से पहले उत्सव के माहौल का भरपूर आनंद उठा सकें।
पर्यटन, रोजगार और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मिलेगी नई गति
विरासत एवं पर्यटन मंत्री ने कहा कि हरियाणा सरकार पर्यटन को केवल दर्शनीय स्थलों तक सीमित रखने के बजाय उसे सांस्कृतिक विरासत, स्थानीय कला, हस्तशिल्प और रोजगार के अवसरों से जोड़ने की दिशा में काम कर रही है। सूरजकुंड दिवाली मेला इस दृष्टि से महत्वपूर्ण है, क्योंकि इससे कारीगरों, कलाकारों, छोटे कारोबारियों और पर्यटन क्षेत्र से जुड़े लोगों को अपनी गतिविधियों का विस्तार करने का अवसर मिलता है। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन प्रदेश की सांस्कृतिक पहचान को मजबूत करने के साथ स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी प्रोत्साहित करते हैं। सरकार का प्रयास है कि हरियाणा की ऐतिहासिक धरोहरों, लोक परंपराओं और सांस्कृतिक विशेषताओं को देश-दुनिया के अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाया जाए।
26 अक्टूबर को केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल की मौजूदगी में होगा समापन
23 अक्टूबर से शुरू होने वाला तीसरा सूरजकुंड दिवाली मेला 26 अक्टूबर तक चलेगा। समापन समारोह में केंद्रीय मंत्री श्री मनोहर लाल की गरिमामयी उपस्थिति रहेगी। चार दिनों तक चलने वाले इस उत्सव में हस्तशिल्प प्रदर्शनी, लोक कला, संगीत, सांस्कृतिक प्रस्तुतियां और पारंपरिक व्यंजन पर्यटकों को दिवाली से पहले एक यादगार अनुभव प्रदान करेंगे। हरियाणा सरकार और पर्यटन विभाग ने दिल्ली-एनसीआर, हरियाणा तथा पड़ोसी राज्यों के लोगों से सपरिवार सूरजकुंड पहुंचकर इस सांस्कृतिक उत्सव का हिस्सा बनने का आह्वान किया है। डॉ. अरविंद शर्मा ने कहा कि सूरजकुंड दिवाली मेला देश की सांस्कृतिक विविधता का उत्सव मनाने, स्थानीय शिल्पकारों की प्रतिभा को सम्मान देने और त्योहार की खुशियों को साझा करने का अवसर है। उन्होंने लोगों से अधिक से अधिक संख्या में मेले में पहुंचने और भारतीय कला, संस्कृति तथा पारंपरिक हस्तशिल्प को प्रोत्साहित करने की अपील की।

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